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Massage Girl in Nilgiris: Premium Relaxation Services

Our site can help you find a professional massage girl in Nilgiris who will help you relax in the best manner possible. We connect you with professional therapists who can offer you a massage that will make you feel better and more relaxed. The pros on our list are ready to provide you with a fantastic experience at your house or in one of their particular spots, whether you want to relax or get away from it all.

Introduction

Massage is currently one of the finest methods to relax your mind, body, and overall health. Our website makes it easy to locate the top massage services in Nilgiris that meet your demands. This will be a one-of-a-kind and calming experience for you.

Tottaa wants to make it simple for clients to find the top masseuse. The Nilgiris massage service providers on our list offer the greatest quality, comfort, and competence, whether you want a full-body massage or a massage for a particular location.

How Tottaa Helps Advertisers Reach More Customers

Tottaa is not only a list of masseuses, it’s also a secure location for them to show off what they can do. People in Nilgiris who are seeking massage services may find them on our website. This makes them easier to find and gets them more appointments.

Advertisers may simply put up profiles, offer their services, and talk about pricing and discounts on our sites. This makes sure that the relevant people notice your Nilgiris massage service, which makes it easier to obtain more customers.

Different Types of Massages We Offer

There are a lot of different types of massage services on our site, so you may choose one that works for you. You may choose the kind of treatment that works best for you, whether it’s profound rest or a particular type of therapy.

1. Swedish Massage

A calm and gentle way to ease muscular tension and improve blood flow. This Nilgiris massage is perfect for you if you want to relax and forget about your concerns.

2. Deep Tissue Massage

This approach employs a lot of pressure to get to deeper muscle layers. It’s helpful for folks who have muscular discomfort or stiffness that won’t go away. There are specialists on our profiles of massage girls in Nilgiris who are good at deep tissue treatments that function effectively.

3. Aromatherapy Massage

Calming massage strokes and essential oils are beneficial in making people feel improved both emotionally and physically. Most massage companies in Nilgiris employ the use of custom oil preparations to make you feel good.

4. Thai Massage

A therapy that wakes you up by using a mix of regular massage, stretching, and compression. This traditional massage in Nilgiris helps you relax, become more flexible, and get your mind and body back in harmony.

5. Hot Stone Massage

Heated stones are placed on various parts of the body to help with deep muscular tightness. People who want to feel good, relax, and help their muscles recover quickly can use this massage service in Nilgiris

How to Book Our Massage Services

Tottaa makes it simple and fast to book. With our listings, you can see what kind of massage you want, read about the providers, see that they are free and then contact them directly. After you choose, you can book a massage in Nilgiris at your convenient time and location. In order to get your desired massage services, apply the following simple steps:

Step 1: Browse Our Listings

Take a peek around our site to view a few massage professionals. Each listing gives you information about the many sorts of massages, how long they last, how much they cost, and where they are situated. This makes it easier to choose the finest ones.

Step 2: Compare and Shortlist

Examine the profiles carefully to compare how the services, talents, and reviews posted by customers differ. This phase makes sure you choose a business that has the style, pricing, and supply you desire.

Step 3: Connect with the Provider

When you have decided, use the information that you are offered so that you can contact them directly. One can communicate it to the massage giver thus making it understood what massage you want at what time and when.

Step 4: Confirm the Appointment

The date, time and place of the service, which could be your home, a hotel or the spa where the therapist may be found. You also need to agree on the payment method and any other accords prior to commencement of the course.

Step 5: Relax and Enjoy Your Massage

All you have to do on the day of the appointment is have your area ready for the house visit. The remainder will be handled by the expert. Take it easy and enjoy a massage that is made just for you.

Frequently Asked Questions

To locate a professional who can meet your needs, read our biography, reviews and advertising.

Yes, many of the therapists on our site will come to your house so you may feel safe and at ease.

You may pick based on talents since most adverts provide their qualifications in their profiles.

It would be advisable to make a reservation earlier to guarantee that you would be able to get a massage, particularly against the prevalent services of massage.

Not at all. Tottaa exclusively connects users with service providers. The doctor gets to choose how to handle payment.

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प्रिय दोस्तो ! Hindi Sex Stories

मैं बड़ौदा का रहने वाला Hindi Sex Stories हूँ। मैं कई दिनों से अन्तर्वासना में आप लोगों की कहानियाँ पढ़ रहा हूँ। तो मैंने सोचा कि मैं भी अपनी कहानी आप लोगों के साथ शेयर करूँ।

तो बात ऐसी थी कि मैं अकेला रहता हूँ। मेरी जॉब शाम को होता था तो मैं पूरा दिन अपने घर पर खाली रहता था। मेरे घर के एकदम बाजू के घर में एक सुन्दर सी भाभी रहती है। इंसान तो वो बहुत अच्छी है और मेरे साथ बहुत दोस्ताना बात भी करती है। कभी कभी मुझे खाना भी बना देती है। ऐसे करते करते एक सामान्य सा रिश्ता बन गया था। उनका एक लड़का भी है। लड़का शायद ११-१२ साल का होगा। वो स्कूल जाता है। उनकी पति नौकरी करते हैं। लेकिन थोड़ा दुबले पतले हैं।

उनकी समस्या यह थी कि वो तीनों एक ही कमरे में रहते हैं। इसीलिए पति- पत्नी के बीच सेक्स कभी-कभार ही होता था। जब उनका लड़का कहीं बाहर होता था। ११ साल का लड़का स्कूल के अलावा कहीं जाता नहीं था। उनका कोई खास रिश्तेदार भी नहीं थे। इसलिए सेक्स की भूखी रहती थी।

उनकी फिगर मैं क्या बताऊँ दोस्तों, बहुत ही अच्छी सेक्सी है। मैं जब भी उनको देखता था मेरा तो लण्ड कन्ट्रोल से बाहर हो जाता था। मैं कई बार मेरे घर में उनको सोचते सोचते मुठी मार देता था। लेकिन मैंने एक दिन सोचा कि यह रोज रोज मुठी मारने से अच्छा है कि एक बार साहस करके उनको बोल दूँ।

तो दोस्तो, मैंने ऐसा ही किया।

एक दिन उनका लड़का स्कूल गया था, पति भी नौकरी पे ! मैं घर पर अकेला था। वो कुछ काम के लिए आई। सॉरी, काम तो नहीं था, सुबह मुझे चाय पिलाने आई, बोली- मैं चाय बना रही थी तो सोचा कि तुम्हारी लिए भी बना लूँ ! लो चाय पियो !

तो मैंने उनको थैंक्स बोला। वो जाने लगी। मैंने सोचा कि अभी उनका मूड अच्छा है तो मैं अपनी गेम खेल सकता हूँ। तो मैंने उनको बोला- भाभी, आप अपनी चाय भी लेकर यहीं आ जाओ ! साथ में बैठ के पीते हैं और कुछ बात भी करेंगे।

वो बोली- ठीक है !

और वो चाय लेकर आ गई। हम दोनों ने चाय पी और कुछ बातें करने लगे।

तो मैंने उनको पूछा- भाभी, कई दिनों से मैं देख रहा हूँ कि आप कुछ उदास उदास लगती हो ! क्या बात है? आप तो उम्र में इतनी बड़ी नहीं लगती, तो अभी से आप को क्या टेंशन है? क्यूँ उदास-उदास रहती हो?

वो बोली- नहीं ऐसा कुछ नहीं है !

तो मैंने बोला- ऐसा ही है ! आप मेरे साथ शेयर कर सकती हो !

तो थोड़ी देर के बाद वो बोली- लाइफ में अभी मजा नहीं रहा ! सुबह से लेकर शाम तक बस काम करो और सो जाओ ! और कुछ नहीं !

मैंने पूछा- तो काम बहुत करना पड़ता है? मैं कुछ मदद कर सकता हूँ क्या आपकी?

पहले तो वो न बोली कि नहीं इस बात में तुम कुछ मदद नहीं कर सकते। लेकिन मैं भी जिद पकड़ के बैठ गया कि कौन सी बात में मदद नहीं कर सकता?

तो अन्त में उसने अपनी वास्तविक समस्या बताई।

मैं बोला- भाभी, मैं क्यूँ मदद नहीं कर सकता ! मैं कर सकता हूँ !

वो बोली- क्या बात करते हो ! मजाक मत करो !

मैंने बोला- मैं मजाक नहीं कर रहा हूँ !

वो बोली- ठीक है !

तो मैं आगे एक भी मौका न गंवाते हुए उनको चूम लिया ! ना आगे देखा न पीछे ! बस चूम लिया।

वो भी कामुक थी तो वो भी कुछ नहीं बोली और मेरे साथ मजा लेने लगी। पहले तो वो दरवाज़ा बंद कर दिया कि कोई आ न जाए !

वो थोड़ी मोटी थी और मुझे मोटी औरत बहुत अच्छी लगती है। उनके स्तन भी बहुत बड़े थे। उनकी गांड तो इतनी कामुक थी ….

मैं पहले से ही छोटी निककर में था। पहले पाँच मिनट तो मैं उनको किस करता रहा। इतने में उनकी आंसू निकल पड़े और बोली- बहुत दिनों के बाद आज मुझे मेरी प्यास बुझाने का मौका मिलेगा।

मैंने तो उनके आँसू भी पी लिए और उनका पूरा मुंह चाट लिया। वो गाऊन में थी। धीरे धीरे मैंने उनका गाऊन निकाल फेंका। अब वो खाली ब्रा और पैंटी में थी। धीरे से मैंने उनको बेड पर लिटा दिया और उनकी ब्रा खोलने लगा। ब्रा को खोलते ही मेरे पसंद की चीज मेरे हाथों में थी। मैंने जम क उनको किस किया। जैसे जैसे मैं चूसता रहा वो भी उतेजित होने लगी।

तब तक मैं उनको होठों से ले कर नाभि तक किस करता रहा। इतने में उसने खुद ही अपने पैंटी निकाल फेंकी और बोली- अब रहा नहीं जाता, तुम अपना लण्ड उसमें डालो ! मैंने कहा- इतनी जल्दी भी क्या है, आज तो पूरा दिन पड़ा है, सालों का मजा आज ले लो अच्छी तरह से !

धीरे धीरे मैं उनकी चूत चाटने लगा तो वो और भी गर्म हो गई और तरह तरह की आवाज निकालने लगी। इसक मतलब उनको भी मज़ा आ रहा था।

थोड़ी देर चूसने के बाद मैंने अपना हथियार उनकी चूत में डाल दिया। मुझे भी थोड़ा जोर लगाना पड़ा क्यूँकि काफी दिनों से उनके छेग में कुछ घुसा नहीं था। और वो भी चिल्ला उठी- धीरे धीरे करो !

मैं तो नहीं रुका और अपने काम में लग गया, धक्का देने लगा। वो भी उह्ह्ह्ह्ह् ह्ह्ह्ह्ह्ह् अह्ह्ह्ह्ह् ह्ह्ह्ह् करने लगी- ओह्ह्ह् ओह्ह्ह्ह्छ ओह्ह्ह्छ करने लगी।

ऐसे करते करते १० मिनट के बाद वो झड़ गई और थोड़ी देर में मैंने भी अपना सारा का सारा माल उनके अन्दर डाल दिया।

वो बोली- नो प्रॉब्लम ! मेडीसिन ले लूंगी !

उस दिन हम लोगों ने ५ बार चोदा-चुदाई की। वो भी बहुत खुश हो गई और उस दिन के बाद तो हम लोग सप्ताह में तीन-चार बार तो सम्भोग कर लेते थे।

आपको मेरी कहानी कैसी लगी, मुझे लिखिए जरूर ! Hindi Sex Stories

मैं मानस आज आपके सामने अपनी सच्ची कहानी लेकर आ रहा हूं उम्मीद करता हूं आपको पसंद आएगी मैं राजस्थान के सीमावर्ती शहर भरतपुर का रहने वाला हूं मेरे पिताजी का बिल्डिंग मटेरियल का बहुत बड़ा काम था बहुत अच्छी आमदनी हुआ करती थी पांच साल पहले कोविड के समय में अचानक पिताजी नहीं रहे मैं उस समय 20 साल का था और बीकॉम कर चुका था सीए की तैयारी करनी थी पर इस अनहोनी से बिजनेस की सारी जिम्मेदारी मेरे कंधों पर आ गई, मैंने बिजनेस को अच्छे से संभाल लिया, पर इतना बड़ा काम अकेले का नहीं होता इसमें मेरी मां को की मदद करनी पड़ी क्योंकि परिवार में कोई और इस काम में कोई मदद नहीं कर सकता , दूसरे खानदान वाले बिजनेस को हड़पने के चक्कर में लगे रहते थे मैं पूरी तरह से अनुभवहीन था परंतु मां के सहयोग से धीरे-धीरे 3 महीने में सब कुछ सीख गया और 6 महीने में व्यापार को अच्छे से चलाने लगा मेरी मां बहुत समझदार थी उसे ऊंच-नीच और सामाजिक बुराइयों वगैरा का बहुत ज्ञान था वह मुझे समझाती रहती थी की अपने परिवार मैं बहनों की बड़ी जिम्मेदारी अब मुझे ही उठानी है मैं मेरे परिवार में सबसे बड़ा हूं आज मेरी उम्र 25 साल है, मुझसे छोटी तीन बहनें जिसमें से नव्या 22 साल की है वह ग्रेजुएशन में बीएससी कर रही है उसकी शादी की बात चल रही है जल्दी ही अच्छा लड़का मिलते ही उसकी शादी कर दी जाएगी बहुत अच्छे-अच्छे रिश्ते आ रहे हैं पर वह कोई ना कोई नुक्स निकाल कर मना कर देती है और मैं भी उसे पर कोई दवाब नहीं डालता, उसकी और मेरी शादी को लेकर मां बहुत चिंतित रहती है भव्या 19 साल की है और अभी बारहवीं का एग्जाम दिया है और इंजीनियरिंग करना चाहती है कई इंस्टिट्यूट का एंट्रेंस टेस्ट का फॉर्म भर्ती रहती है माया 15 साल की है और अभी हाई स्कूल का एग्जाम दिया उसका पढ़ाई में मन बहुत ज्यादा लगता है वह डॉक्टर बनना चाहती है मैं भी उसे बहुत सपोर्ट करता हूं। पिताजी के जाने के बाद कितनी जिम्मेदारियां का बोझ मुझ पर आ गया कि मेरा सारा लड़कपन खत्म हो गया स्कूल कॉलेज के यार दोस्त छूटते चले गए लेकिन एक चीज बहुत अच्छी हुई कि हम भाई बहनों में एक दूसरे के लिए प्यार और केयर की भावना बढ़ती गई मां भी यह सब देखकर खुश होती थी पहले कोई बहन मुझे एक गिलास पानी भी नहीं देती थी अब शोरूम से आने के बाद कि मेरे लिए पानी चाय नाश्ता लेकर भव्या आ जाती है चाय पीकर थोड़ी देर लेटकर आराम करता हूं तो माया मेरे शरीर पर चढ़कर पैरों से पूरे शरीर को दबाती है और मेरा सारा बदन का दर्द निकल जाता है फिर थोड़ी देर बाद मैं उठकर नहा धोकर फ्रेश होता हूं नव्या और नव्या पूरा किचन का काम संभाल लेती हैं खाना सबका तैयार हो चुका होता है मां जाकर गरमा गरम फुल्के बनती है क्योंकि मुझे मां के हाथ के फुल्के पसंद है और हम डाइनिंग टेबल और खाने के लिए आ जाते हैं अब सबके साथ मेरी भी खाने पीने की पसंद का ख्याल रखा जाता है पहले ऐसा नहीं था खाना खाते-खाते हम पूरे दिन की बातें करते हैं मैं अपनी बहनों से उनका रोज का काम पूछता हूं जैसे की उनकी पढ़ाई कैसी चल रही है आगे क्या करना है कौन से किताब चाहिए कौन से कपड़े चाहिए उनकी सहेली का क्या हुआ, आगे कौन सा कोचिंग करना है कौन सा सब्जेक्ट पढ़ना है कहां का फॉर्म भरना है किसी को कुछ पैसे तो नहीं चाहिए वगैरा। मैं सबके साथ मूवी देखता हूं और घूमाने फिराने भी ले जाता हूं पिताजी के बाद मुझे ही सबकी केयर करनी थी। हम आपस में एक दूसरे को बहुत प्यार करते हैं और बहुत ही खुले हुए हैं। मां: अकेले में ) मानस जब लड़कियां जब 16 की हो जाती हैं तो जवानी उबाल मारने लगती उनके कदम बहकने लगते हैं अगर उनका मन घर में पहले से ही भरा रहे तो बाहर की तरफ नहीं देखेंगी। मैं : मां मुझे अपनी बहनों पर पूरा भरोसा है वह कुछ भी गलत नहीं करेंगी अपनी सभी बहनों की शादी कर दूंगा मां: बेटा तेरी तीनों बहनें जवान हो गई है इस उम्र की वजह से मन मचलता है मैं प्रैक्टिकल लाइफ में ज्यादा विश्वास रखती हूं बाहर की लड़कियां गलत संगत में बिगड़ जाती हैं इस समय को शरीर की और ज़रूरतें भी होती हैं इनकी शादी तक इन्हें बाहर मुंह करने से रोकना होगा इसलिए कह रही हूं का ख्याल रखा कर उनके करीब रहा कर। मैं: मां वह मेरी बहन है। मां: मैं तेरी और तेरी बहनों की भलाई के लिए की कह रही हूं इससे पहले कुछ कर ले तू ही उनकी जवानी का संभाल ले वरना बाहर परिवार की इज्जत नाम खराब कर सकती हैं और फिर घर की बात घर में रहेगी और किसी को पता नहीं चलेगा और उनकी शादी तक उनकी जवानी को संभालना की तेरी जिम्मेदारी है मन बहुत है परिवार की सपना खराब हो लड़कियों के कदम ना देखें इसलिए वह नव्या की शादी जल्दी कर देना चाहते हैं ताकि वह भी अपने लिए बहू ला सके और बहू का सुख ले सकें हर लडके नव्या मना कर देती है मां को बहुत टेंशन हो रही है मैं: मां को समझाता हूं) आप चिंता ना करो कोई अच्छा लड़का देखकर उसकी अच्छी शादी करेंगे। मां: वह तुझसे कोई बात नहीं छुपाती उससे बात करके देख वह क्या चाहती है। कहीं किसी लड़के के साथ उसका चक्कर तो नहीं चल रहा क्या कहीं मुंह तो काला नहीं करवा रही है। मैं: ठीक है मां आप परेशान ना हो मैं सब संभाल लूंगा। दोस्तों आप सभी को मालूम होगा की बिल्डिंग मटेरियल के अच्छे काम करने वालों को कंपनियां विदेश के टूर पैकेज करने के लिए देती रहती हैं अभी तक पिताजी उनका पैकेज को काश कर लेते थे उन्हें घूमने फिरने का शौक नहीं था परंतु मुझे और मेरी बहनों को घूमने फिरने का शौक बहुत था। पिताजी के पास मां और मैं मिलकर बिजनेस को आगे बढ़ाया तो हमें वह स्कीम के टूट पैकेज भी ज्यादा मिलने लगे। इस बार अल्ट्राटेक कंपनी से दो लोगों का इंडोनेशिया का टूर पैकेज आया था नव्या : भैया इस बार मैं भी आपके साथ चलूंगी । मैं: पहले मां से पूछ लो यदि मां कहेंगी तभी मैं तुम्हें ले जा सकता हूं। नव्या : भैया आप जानते हो मां मुझे मना कर देंगी वो नहीं मानेंगी आप ही बात करो ना । मैं: ठीक है कल खाते समय बात करेंगे। अगली शाम को रात में डिनर करने के बाद मैंने नव्या को इशारा किया कि सब को यहां से ले जाए तो मां से बात करूं। वह खुश हो गई और भव्या माया को उनका होमवर्क देखने के बहाने उनके कमरे में ले गई मैं: मां इस बार इंडोनेशिया की ट्रिप आई है दो लोगों की अगस्त में जाना है 5 दिन का है आप संभाल लोगे न। मां: ठीक है मैं संभाल लूंगी तू कितनी मेहनत करता है सारी जिम्मेदारी अच्छी तरह से संभाल रहा है जा एंजॉय कर आ। इस बार किस दोस्त को ले जायेगा। मैं: नहीं मां इस बार मैं किसी भी दोस्त को नहीं ले जाऊंगा। मैं सोच रहा हूं कि नव्या को ले जाऊं उसे भी बाहर की दुनिया देखनी चाहिए। शादी के बाद पता नहीं कहीं घूम फिर पाती भी है या नहीं। मां: अरे जब शादी करेगी तब ना मैं तो समझा समझा कर हार गई‌ पता नहीं अभी आगे और कितना पढ़ना चाहती है। तू भी उससे बात कर ही चाहती क्या है। मैं: मां, नव्या मेरे साथ वहां जाएगी तो मैं उससे प्यार से उसके मन की बातें जानने की कोशिश करूंगा कि ये शादी के लिए क्यों मना कर देती है। मां: तुम उसे लेकर तो जाओगे लेकिन वहां इसका बहुत ख्याल रखना पड़ेगा पहले कभी बाहर नहीं निकली है। मैं: मां जब निकलेगी तभी तो सीखेगी। मां: ठीक है ले जाओ अच्छी तरह से केयर करना उसके और करीब होना। फिर मैं सोने के लिए अपने कमरे में चला आया। मां और माया 1 कमरे में सोते थे नव्या और भव्या एक कमरे में, मेरा कमरा ऊपर फर्स्ट फ्लोर पर था। मैं एक बात बताना भूल गया कि हम भाई बहनों में बहुत प्यार है जो कि पिताजी के न रहने के बाद और भी बढ़ गया। हम पहले एक दूसरे के साथ लड़ते झगड़ते लिपटते चिपटते थे कभी कोई ग़लत भावना नहीं जगी थी मां थकी होने की वजह से जल्दी सो गई,नव्या ने भव्या से कहा की माया को थोड़ी देर पढ़ा दो। भव्य बोली दीदी उसका सारा काम दिन में करवा दिया है और सो जाओ मैं थोड़ी देर ऊपर भैया से बात करके आती हूं वह बोली ठीक है आप जाओ। मैं अपने कपड़े चेंज करके नाइटी पहन ली थी और बाथरूम जाकर फ्रेश हुई। और ऊपर जाकर भैया के पास लेट कर बातें करने लगी। नव्या : भैया मां से क्या बात हुई मां ने क्या कहा मैं भी आपके साथ चल रही हूं ना। मैं: हां बात हो गयी मां तेरी शादी को लेकर बहुत परेशान है वह जल्दी से तेरी शादी करना चाहती हैं तू उन्हें परेशान मत किया कर जल्दी से शादी कर ले। नव्या: भैया आप जानते हो मैं अभी और पढ़ाई करना चाहती हूं। मुझे बताइए मां ने इंडोनेशिया जाने के बारे में क्या कहा। मैं: दुःख से) नव्या तू परेशान मत हो मैं मां को समझा लूंगा हम अगली बार चलेंगे। नव्या : मतलब आप कहना क्या चाहते हो मां ने मना कर दिया क्या, मैं जानती थी की मां मुझे नहीं जाने देंगी वह तो हमें प्यार नहीं करती। नव्या ने रोनी सी सूरत बना ली और मैं उसे देखकर मन में मुस्कुरा रहा था और समझा ही रहा था मैं: नहीं नव्या मां हम सबको एक जैसा प्यार करती हैं उनकी अपनी भी कुछ जिम्मेदारियां हैं जिनसे वह मुक्त होना चाहती हैं तुम अभी नहीं समझ रही हो जब तुम मां बनोगी तब समझोगी मां अपने हर बच्चे को कितना चाहती है। नव्या : रोते हुए) मुझे पता है भैया की मां हमें कितना चाहती हैं घर में ना रहते हुए भी हम पर कितनी सख्ती रखी जाती है मां ना डरती है कि हम बहक नहीं जाएं। लेकिन अब हम बड़ी हो गए हैं ऊंच नीच समझते हैं। अगर कभी कुछ गलत करना होता तो सबके सामने रहते हुए भी किया जा सकता है लेकिन हमें भी अपने परिवार की इज्जत और मर्यादा का ख्याल है। मैं: उसके आंसू पोंछते हुए) अरे मेरी लाडली बहन तो रोने लगी कितनी बड़ी-बड़ी बातें कर रही है अब मुझे लगता है कि वह वास्तव में बड़ी हो गई है। रोते-रोते नव्या मेरे सीने से लग गई और मुझे जकड़ लिया उसकी चूचियां मेरे सीने में घुस गई और मुझे पहली बार कुछ अलग सा महसूस हुआ। मैं: बस करो नव्या अब चुप हो जाओ तो मैं तुम्हें एक और बात बताना चाहता हूं नव्या : अपने आंसू पोंछते हुए ) क्या बताना चाहते हो भैया कि अगली ट्रिप अप्रैल में आएगी तो ले चलेंगे। मैं: नहीं मेरी लाडो बहन, तुम इस ट्रिप में मेरे साथ चलोगी मैंने मां को मना लिया है और 15 दिन के बाद हम इंडोनेशिया जायेंगे लेकिन मेरी एक शर्त है की हम घर में भाई बहन रहेंगे लेकिन घर से बाहर निकलते हुए पक्के दोस्त बन जाएंगे जो अपनी हर बातें एक दूसरे से शेयर करते हैं और कोई बात नहीं छुपाते, अगर मंजूर हो तो बोलो तभी ले चलूंगा। नव्या ने मुझे बिस्तर पर धक्का दे दिया दे दिया मैं पीठ के बल गिर पड़ा और वह लपक के मेरे ऊपर कमर पर चढ़ गई और मुझे सीने पर मुक्के मारने लगी। नव्या : इतनी देर से मुझे परेशान कर रहे थे मुझे रुला रहे थे क्यों भैया ऐसा क्यों किया आई हेट यू आई हेट यू आई हेट यू। मैं: मैं देखना चाहता था की तू मेरे और मां के बारे में क्या सोचती है और रोते समय कैसी लगती है। कहते हुए मैंने उसको छुपा कर अपने सीने से लगा लिया और आई लव यू आई लव यू आई लव यू बोलने लगा नव्या : आई लव यू टू आई लव यू टू आई लव यू टू भैया मैं जानती थी मां को मना लेंगे। कह कर नव्या मुझे चूमने लगी और मैं भी उसे चूमने लगा, पता नहीं कैसे किसने एक दूसरे के होंठों को चूमा और फिर स्मूच करने लगे। कुछ अचानक से लगा कि हम ये क्या कर रहे हैं एक दूसरे से अलग हो गए। नव्या : थैंक्स भैया आई लव यू अब मैं चलती हूं। मैं: याद रखना हम घर से बाहर क्लोज फ्रेंड्स रहेंगे तभी तुम मेरे साथ चलोगी। नव्या : ओके भैया। गुड नाइट नव्या के जाने के बाद मुझे उसका अपने सीने से चिपकना और मेरे ऊपर चढ़कर प्यार से मारना और फिर मुझे चूमना बहुत उत्तेजित कर रहा था। मैं भी बहक रहा था मैं अभी तक किसी भी लड़की के साथ सेक्स नहीं किया था आज मेरा मन मुठ मारने को कर रहा था वो भी अपनी छोटी बहन नव्या के नाम की। लंड महाराज पजामे में अकड़े पड़े थे। मैं बाथरूम में गया गया और शैंपू को हाथ में लेकर नव्या के नाम से मूठ मारी तो वीर्य बहुत दूर जाकर गिरा। फिर मैं जाकर सो गया। सुबह सोकर उठा तो शोरूम पर निकलते समय नव्या ने मुझे कुछ पैसे मांगे। नव्या : भैया मुझे कुछ पैसे दे दीजिए थोड़ी शॉपिंग करनी है वहां जाने के लिए। मैं: कितने पैसे चाहिए नव्या : भैया 2000 से मेरा काम चल जाएगा मैं: कोई बात नहीं यह लो 5000 अच्छे से तैयारी कर लो हमें वहां को इंजॉय करना है कोई कमी नहीं रहनी चाहिए। नव्या : थैंक यू भैया आई लव यू। मां: क्या बात है नव्या आज भैया पर बहुत प्यार आ रहा है। उसने तुम लोगों को सर चढ़ा कर रखा है बहुत छूट दे रखी है। नव्या : थैंक यू मम्मी आई लव यू टू आप मेरी तरफ से बेफिक्र रहें। मुझे आपका और परिवार का बहुत ख्याल है। मां: ठीक है ठीक है अब जाने की तैयारी ठीक से कर लो सारी जरूर का सामान लेकर जाना वरना वहां छोटी-छोटी चीज के लिए परेशान होना पड़ सकता है। नव्या : मां संडे को दिल्ली चलो ना मुझे कुछ शॉपिंग करनी है यहां कुछ अच्छा नहीं मिलता। मां: बेटा मेरे पास समय नहीं है जब तुम जाओगी तो एक दिन पहले ही चले जाना और दिल्ली में शॉपिंग कर लेना भैया तुम्हारे साथ होगा मैं सब सामान दिलवा देगा। नव्या : आप ठीक कह रही हूं मां। फिर मैं शोरूम निकल गया और सारे अरेंजमेंट करने लगा हमें 15 दिन बाद जाना था मेरे पीछे बिजनेस संभालने में मां को कोई तकलीफ ना हो सभी स्टाफ को बोल दिया था कि किसी को छुट्टी लेनी है तो एक हफ्ते में काम करके चला आए उसके बाद एक महीने तक किसी को छुट्टी नहीं दूंगा। 1 महीने का स्टॉक और ऑर्डर कैलकुलेट करके लगा दिया था ताकि मेरे पीछे कोई समान शोरूम पर कम ना पड़े और काम सही से चलता रहे। थोड़ी देर में भी शोरूम पर आ गई तो मैं मां को भी सब समझा दिया की कैसे क्या करना होगा सब कुछ ऑटो मोड में चलता रहेगा बस उन्हें देखना रहेगा। शाम को जब घर पहुंचे तो नव्या बहुत खुश दिखाई पड़ रही थी भव्या और माया का मूड़ उखड़ा हुआ था । भव्या मेरे लिए चाय और पानी ले आई और रखकर बिना कुछ बोले चली गई। माया मेरे पास आई और मेरे गोद में बैठ कर बोली माया: भैया आप दीदी को घूमाने ले जा रहे हैं हम भी चलेंगे आप दीदी को अकेले क्यों ले जा रहे हैं। मैं: बेटा केवल दो टिकट है और दीदी तुम सबसे बड़ी है अभी जल्दी ही उसकी शादी होने वाली है तो उसे घूम लेने दो उसकी शादी हो जाएगी तो फिर मैं भव्या और तुमको खूब घुमाऊंगा, यह भव्या क्यों रूठी हुई है। माया: भव्या दीदी भी घूमने जाना चाहती है और आप केवल नव्या दीदी को ले जा रहे हैं वह इसलिए नाराज हैं। मैंने भव्या को बुलाया और प्यार से अपनी गोद में बिठाकर किस किया। मैं: भव्या इतनी छोटी सी बात के लिए तुम नाराज हो यह गलत है तुम्हारी बड़ी बहन है जल्दी ही उसके शादी हो जाएगी फिर वह चली जाएगी उसे बाहर घूमने फिरने का मौका पता नहीं मिले या ना मिले इसलिए अभी उसको घुमा देते हैं उसके बाद तुम और माया को भी मैं सब जगह घुमाऊंगा प्रॉमिस। भव्या: प्रॉमिस भैया ठीक है आप दीदी को बाहर घूमा लो लेकिन बीच-बीच में हमें भी कहीं घुमा दिया करो। आई लव यू भैया कहकर भव्या ने मुझे किस किया मैं: आई लव यू टू बेटा। भव्या: लेकिन हम आपको ऐसे नहीं छोड़ेंगे आपको हमें गोद में उठाकर पूरे घर में घूमना पड़ेगा। यह कहकर भव्या मेरे पीठ पर लद गई और माया भी दौड़कर सामने से मेरी गोद में चढ़ गई और दोनों बोली अब हमें पूरा घर में घुमाईये मां: आज तुम लोगों को अपने भाई पर बहुत प्यार आ रहा है अभी थका हुआ आया है उसे आराम तो कर लेने दो जो कि दोनों घोड़ी हो गई हैं और अभी भी बच्चों जैसी हरकतें करती हैं यह सब तेरे प्यार में बिगड़ गई है। भव्या की चूचियां मेरी पीठ पर दबीं थी और माया के टिकोरे सामने से मेरे सीने में दबे हुए थे मेरी हालत खराब हो रही थी फिर भी मैं किसी तरह उन्हें पूरे घर का एक चक्कर लगाकर उतारा और बोला अब मैं थक गया हूं ऊपर जाकर आराम करूंगा। मैं: मां मेरा बदन बहुत दर्द कर रहा है कोई दवा हो तो दे दो। मां: तूने अपनी बहनों को सिर चढ़ा रखा है इतनी बड़ी हो गई जरा भी समझ नहीं है यह दवा खा ले और थोड़ी सी बदन की मालिश करवा ले तो आराम आ जाएगा मैं माया को बोलती हूं। माया जरा सरसों का तेल गर्म करके अपने भैया की पीठ की मालिश तो कर दे देखा उसका बदन दर्द कर रहा है और तुम लोग उसके ऊपर चढ़कर घूम रही थी। माया: मां में स्कूल का काम करने जा रही हूं बहुत सारा होमवर्क मिला है भव्या दीदी से कह दो। भव्या: मां मैं किचन में खाना बनाने जा रही हूं आप ही कर दो ना। मां: अरे मैं भी तो थकी हुई आई हूं तुम्हें तो मेरी भी मालिश करनी चाहिए मेरी ना सही कम से कम अपने भाई की तो कर दो। नव्या: चलो मां पहले मैं आपकी थोड़ी सी चंपी कर देती हूं और हाथ पैर में मैं मालिश कर देती हूं फिर भैया की भी मालिश कर दूंगी। मां: बहुत खुश है आज नव्या मां और भाई की सेवा बिना कहे कर रही हो। नव्या : आप तो ऐसे कह रही हो कि जैसे मैंने पहले कभी नहीं किया हमेशा बिना कहे करती हूं। मां: हां मेरी रानी बिटिया मैं जानती हूं मैं तो ऐसे ही मजाक कर रही थी। नव्या ने आधे घंटे तक मां की चंपी और मालिश की मां को आराम आ गया और मां बैठकर टीवी देखने लगी कटोरी में तेल लेकर ऊपर मेरे कमरे में आई। नव्या : भैया चलो अपनी टीशर्ट और पजामा उतार दो मैं मालिश कर देता हूं। मैं: नहीं नव्या यार अब तुम बड़ी हो गई हो मैं तुमसे मालिश नहीं करवाऊंगा। नव्या : भैया शर्माइए मत अभी मेरे हाथों के जादू से आपका सारा बदन का दर्द निकल जाएगा मां को भी आराम आ गया है। मां देखो भैया मालिश नहीं करवा रहा है अभी 10 मिनट में आराम आ जाएगा। मां: अरे मानस मालिश करवाले शर्मा मत तेरी छोटी बहन ही है और तू उसका बड़ा भाई। कोई बात नहीं हम लोग एक दूसरे का सुख-दुख में साथ नहीं देंगे तो कौन देगा। मैं: मां मैं नहीं करवाऊंगा मुझे शर्म आती है। नव्या: धीरे से) अरे करवा लो भैया जब स्मूच करने में शर्म नहीं आई तो मालिश करवाने में कैसी शर्म। मैं: तू बहुत शरारती हो गई है मुझे लगता है जल्दी ही तेरी शादी करवानी पड़ेगी तभी तू मुझे परेशान करना छोड़ेगी। नव्या ने मुझे बिस्तर पर धकेल दिया और मेरे पेट पर बैठकर मेरी शर्ट खींच कर उतार दी और मेरा पजामा भी खींचकर निकाल दिया मुझे पेट के बल लेटा कर मेरे जाघं पर चढ़कर बैठ गई और फिर तेल डालकर मालिश करने लगी। उसके मुलायम हाथ मुझे गुदगुदी कर रहे थे थोड़ी देर बाद मुझे मजा आने लगा फिर उसने मुझे पीठ के बल लिटा दिया और मेरे सीने पर तेल डालकर मालिश करने लगी। मुझे बहुत आराम आ गया और मुझे जोर से नींद आ रही थी भव्या: सब लोग आकर खाना खा लो खाना तैयार है। नव्या : चलो भैया खाना खाकर तब सोइयेगा। हम सबने आकर खाना खाया और सब सोने चले गए मैंने नव्या से कहा मेरा सिर दर्द कर रहा है कोई सिरदर्द की दवा दे तो वह बोलि आप चलिए मैं आपके सिर में भी तेल लगा देती हूं वह 10 मिनट में ऊपर आई। मैं: इतनी देर कैसे लगा दी है मेरा सर दर्द से फटा जा रहा है। नव्या: मम्मी भी बहुत थकी हुई है उनको सोने के लिए नींद की गोली दी है कृपया और माया भी सोने चली गई है पूरा घर बंद कर तब आपके पास आई हूं अभी 10 मिनट में आपका सिर का दर्द दूर हो जाएगा। मुझे कल की स्मूच याद आ गई और मैं मुस्कुराने लगा। नव्या : क्या हुआ भैया आप मुस्कुरा क्यों रहे हैं। मैं: कुछ नहीं तुम तेल लगाओ। नव्या : नहीं पहले आप बताइए आप क्यों मुस्कुरा रहे हैं मुझे देखकर। मैं: कुछ नहीं मुझे कल रात की बातें याद आ गई वैसे तुम्हारी कैसे बहुत मीठी थी क्या मुझे आज भी दोगी। नव्या : धत् भैया वह तो कल जाने की खुशी में गलती से हो गया था आज थोड़ी ना वैसा होगा। मैं: अगर आज भी मैं तुझे कुछ अच्छे से न्यूज़ दूं घूमने वाली तो क्या होगा । स्मूच करेगी। नव्या : भैया आप भी ना कैसी बातें कर रहे हो मैं आपकी छोटी बहन हूं। मैं: हमने कल ही एक दूसरे को वादा किया था कि अब हम घर में भाई बहन और बाहर दो अच्छे दोस्त बनकर रहेंगे यानी कि तू मेरी गर्लफ्रेंड और मैं तेरा बॉयफ्रेंड तू बड़ी जल्दी भूल गई। नव्या : मुझे याद है भैया लेकिन घर से बाहर अभी हम घर में हैं। मैं: तो सुन वीजा के लिए हमें परसों दिल्ली जाना होगा सुबह 10:00 की अपॉइंटमेंट है और कल शाम को हम दिल्ली जाएंगे रात में होटल में रखेंगे सुबह अपना काम निपटाकर शाम को निकलकर रात तक वापस आ जाएंगे। अब तो स्मूच बनता है ना। नव्या : भैया पहले आपके सर की मालिश कर दूं तब तक सब लोग सो जाएंगे तब आप स्मूच कर लेना। मैं: मतलब तुम अकेले में भी मेरी गर्लफ्रेंड बनी रहोगी आई लव यू। नव्या : भैया आप बड़े वो हो अपनी छोटी बहन को गर्लफ्रेंड बना रहे हो प्लीज यह बात किसी को पता नहीं चलनी चाहिए और गर्लफ्रेंड से आगे कोई बात नहीं करनी होगी। मैं: नव्या यह गर्लफ्रेंड से आगे क्या बात होती है। नव्या : आप मुझसे क्या-क्या बातें पूछ रहे हैं। कितने गंदे हैं अपनी बहन से कोई ऐसी बातें पूछता है क्या। मैं: मैं अपनी बहन से कहां अपनी गर्लफ्रेंड से पूछ रहा हूं तुम्हें क्या एतराज है। नव्या : अच्छा मालिश करने दीजिए बाकी बातें हम कल भी कर सकते हैं नव्या बिस्तर पर पैर लटकाकर बैठ गई और मैं जमीन पर उसके पैरों के बीच में बैठ गया अब वो मेरे सिर में तेल डालकर मालिश कर रही थी मुझे आराम आने लगा और बात करते करते मुझे नींद आ गई नव्या ने मुझे जगाया और बिस्तर पर लिटा कर चादर उढा कर खुद भी सोने चली गई। सुबह 6 बजे नीचे मां उठ गई मां: नव्या आज तो बड़ी जल्दी उठ गई ऊपर टहलने गई थी। इसी तरह जल्दी उठकर थोड़ी एक्सरसाइज किया करो एक्टिव रहोगी। नव्या: ओके मां। मां भैया ने बताया था कि आज शाम को वीजा के लिए दिल्ली जाना है मैं सोच रही हूं कि मैं अपनी शापिंग भी दिल्ली से कर लूं। मां: ठीक है बेटा जाओ खूब एन्जॉय करना। जाकर भैया को उठा दो। नव्या ने ऊपर आकर मुझे किस करके उठाया और बोली भैया जल्दी से तैयार हो जाईए आज वीज़ा के लिए दिल्ली भी जाना है मैं: इंडोनेशिया जाने की क्या तैयारी कर रही हो। नव्या : कुछ खास नहीं भैया कुछ कपड़े लेने हैं और ब्युटीपारलर जा कर वैक्सिंग पैडीक्योर मैनीक्योर आदि करवानी है। मैं: कपड़े तो हम कल दिल्ली से ले लेंगे और बाकी ब्यूटी पार्लर का काम जैसे यहां से चलेंगे उस दिन करवाना तो वह सारा ट्रीटमेंट एक हफ्ते तक आराम से चल जाएगा। नव्या : आप मुझे दिल्ली में शॉपिंग करवाएंगे आई लव यू भैया कहकर नव्या ने मेरे माथे को चूम लिया मेरी आंख गाल को चूमते हुए होठों को चूम लिया अभी उसके होठों को अपने मुंह पर लिया और चूसने लगा। मैं नहा धोकर तैयार हो कर नीचे आया मां के साथ नाश्ता किया फिर मैं मां को लेकर शोरूम आ गया रास्ते में मां ने पूछा रात को एंजॉय किया था मैं शरमा कर बोला आप भी ना, क्या एंजॉय। मां: मैंने नव्या को रात में मालिश करने भेजा था तुझे मालिश करा कर मज़ा आया था तू रोज़ नव्या से मालिश करवा लिया कर। मैं नव्या को भी कह दूंगी। मैं : मां हम दोपहर में दिल्ली निकल जाएंगे शाम को बहुत देर हो जायेगी। मां: ठीक है बेटा नव्या को वहां वहां शॉपिंग करा देना और थोड़ा घूम फिर भी लेना एक दिन और रुक सकते हो तो उसके और करीब हो जाना ऐसे रिलेशनशिप बनाना कि बाहर कहीं उसके कदम नहीं बहकें । मैं: आप चिंता मत करो ना मैं अपनी किसी भी बहन को बहकने नहीं दूंगा और उनको खुद ही संभाल लूंगा जब तक शादी नहीं हो जाती सबका पूरा ख्याल रखूंगा बस आप खुश रहो। कहकर मैंने मां को गले से लगाया तो मां मेरे कान में धीरे से बोली कल रात में बात कहां तक पहुंची तुमने इंजॉय किया तो मैं चौंक गया मां: कान में) ज्यादा नादान ना बनो तुम जानते हो कि मैं क्या कह रही हूं सुनना ही चाहते हो तो सुनो मैं चाहती हूं कि तुम्हारी बहनों की शादी होने तक उनकी शारीरिक जरूरतों को भी तुम पूरा करो। मैं इसे बुरा नहीं मानती मेरी समझ से इससे आपसी प्यार और स्नेह अधिक गहरा होता है अपने लक्ष्य को हासिल करने की राह से भटकते नहीं है मैं इससे अधिक साफ और नहीं कह सकती हूं । मैं: शर्मा कर) मां मैं आपको निराश नहीं करूंगा और आपकी यह इच्छा भी पूरी करूंगा। मैंने नव्या को फोन कर कहा नव्या हम दोपहर 2:00 बजे निकलेंगे तुम सारी तैयारी कर लेना पासपोर्ट आईडी ऐड्रेस फोटोस भी रख लेना जरूरत पड़ सकती है और हम अपनी ये ट्रिप को खूब एंजॉय करेंगे मैं शोरूम से 1:00 बजे तक घर लौट आया गाड़ी निकली उसमें सारा सामान रख दिया और खाना खाकर मैं और नव्या दिल्ली के लिए चल पड़े हम 3 घंटे में यानी की पांच 5:30 बजे तक दिल्ली पहुंचने वाले थे 15 मिनट में हम हाईवे पर आ गए और मैंने नव्या से पूछा मैं: नव्या क्या प्लान है पूरे 2 दिनों तक तुम मेरे साथ में हो मेरी गर्लफ्रेंड बनकर मैं होटल में तुम्हारी एंट्री अपनी मंगेतर के तौर पर करवाऊंगा, क्योंकि गर्लफ्रेंड के साथ दिक्कत हो सकती हैं तुम्हें कोई एतराज तो नहीं।। नव्या: नहीं भैया जब आप मेरी इतनी केयर कर रहे हैं तो कोई बॉयफ्रेंड और मंगेतर ही ऐसे केयर करता है आई लव यू भैया मैं: तो इतनी देर हो गई तुमने सुबह से अपने बॉयफ्रेंड को किस नहीं किया नव्या:हम हाईवे पर हैं भैया और आप गाड़ी चला रहे हैं कैसे किस करेंगे। मैं: मैं गाड़ी को 2 मिनट के लिए किनारे रोक देता हूं इतने समय में मुझे किस करना है नव्या: नहीं भैया हम दोनों दो दिन अकेले साथ में होटल में रहेंगे थोड़ा सा सब्र करो। मैंने भी जोर नहीं दिया और शाम 6 बजे दिल्ली के कनाट प्लेस में वीजा आफिस के पास एक 3 स्टार होटल में चेक-इन किया सामान को रूम में रखवा कर वेटर को चाय और स्नैक्स लाने को कहा और दरवाजा बंद कर मैंने नव्या को हग किया । मैं: बेबी आई लव यू नव्या: आई लव यू टू भैया। मैं: अब तो मैं अपनी गर्लफ्रेंड को किस कर सकता हूं यहां हम होटल में अकेले हैं कोई भी नहीं देख रहा और किसी को कुछ पता नहीं चलेगा। नव्या: शर्माते हुए) भैया मुझे लगता है कि आप मुझे आज नहीं छोड़ेंगे और अपनी गर्लफ्रेंड की मोहर लगाकर ही मानेंगे आई लव यू भैया मैं आपको यहां कैसे मना कर सकती हूं। मैंने नव्या को उसके माथे पर किस किया और उसकी आंखों को चुम्मा लिया। तभी बेल बजी और वॉटर चाय और स्नेक्स ले आया मुझे बहुत जोर से गुस्सा आया। नव्या: भैया लो कबाब में हड्डी आ गई। मैं: कोई बात नहीं पहले कबाब खा लेते हैं फिर आगे करेंगें मैं रूम खोलकर चाय नाश्ता रखवाया और आसपास की जानकारी वेटर से ली बेटा ने बताया की रात को 9:00 बजे से नीचे पब में गेस्ट के लिए पार्टी है वहां हम कपल एंजॉय कर सकते हैं मैं : एंट्री कैसे होगी। वेटर: सर कपल के लिए ढाई हजार रुपए की एंट्री है वहां पर आपका डिनर और ड्रिंक लाइव डीजे सब फ्री है। आप काउंटर पर डिपॉजिट करके एंट्री कार्ड ले सकते हैं। मैंने उसको थैंक यू बोलकर भेज दिया। मैं: बेबी क्या प्लान है एंजॉय करोगी हम पहले पब में जाकर ड्रिंक लेंगे डांस करेंगे और डिनर लेकर रूम में आ जाएंगे ज्यादा नहीं सिर्फ एक डेढ़ घंटे में। नव्या: ठीक है भैया जैसा आप ठीक समझे मैं तो आपकी हर बात मानूंगी और मां का भी यही इंस्ट्रक्शन है। मैं फिर नव्या को अपनी गोद में बिठाया और अपने हाथ से स्नेक्स खिलाया और साथ में हमने चाय पी। नव्या: क्या बात है भैया आज आप अपनी बहन को खूब प्यार कर रहे हैं और मक्खन लगा रहे हैं कुछ स्पेशल चाहिए क्या। मैं: नव्या तू जानती है कि अब हम गर्लफ्रेंड और बॉयफ्रेंड है तो एक बॉयफ्रेंड अपनी गर्लफ्रेंड से अकेले में क्या चाहता है मुझे भी वही चाहिए और मैं आज उसे अपनी गर्लफ्रेंड से लेकर ही रहूंगा। नव्या: उसके लिए बॉयफ्रेंड को अपनी गर्लफ्रेंड को बहुत पटाना और खुश करना होता है। मैं: मेरी गर्लफ्रेंड के हर सपने को पूरा करूंगा जो भी वह अपने बॉयफ्रेंड से चाहती है लेकिन मुझे उसका सहयोग चाहिए कि वह मुझे खुलकर बताएं। मैंने नव्या को अपनी बाहों में भरते हुए बहुत सारा किस किया और उसके पीठ को सहलाने लगा। नव्या: मुझे मेरे बॉयफ्रेंड से खूब सारा प्यार चाहिए और मेरा भैया मेरे को केयर करता है और हर इच्छा को पूरी करता है मुझे इसके अलावा और कुछ नहीं चाहिए आई लव यू जानू मुझे ऐसे ही खूब प्यार करना। मैं : बेबी यदि तुम फ्रेश होना चाहो तो बाथरूम में जाकर नहा धोकर फ्रेश हो जाओ फिर हम नीचे पार्टी में चलेंगे देखो 8:00 बज ही रहे हैं नव्या 10 मिनट में नहा धोकर फ्रेश होकर तैयार होने लगी फिर मैं अभी फ्रेश होकर आया और तैयार हो गया। 8:45 हो गए थे हम दोनों ने कपल की तरह एक दूसरे के कमर में हाथ डालकर नीचे रिसेप्शन पर गए और पब की फीस ढाई हजार रुपए जमा करके कपल एंट्री कार्ड ले लिया और रूफटॉप पब में चले गए। वहां का माहौल बहुत ही रंगीन था चारों तरफ कपल ही कपल टेबल पर बैठकर ड्रिंक को एंजॉय कर रहे थे और लाइट म्यूजिक चल रहा था मैं: हम वहां कोने की सीट पकड़ लेते हैं उधर हल्का सा अंधेरा भी है बोलो तुम क्या पीना पसंद करोगी। नव्या: भैया मैं कुछ भी नहीं पियूंगी आपको जो लेना हो वह ले लीजिए मैंने कभी ड्रिंक नहीं किया है। मैं: कोई बात नहीं बेबी आज थोड़ा सा वाइन ले लो बहुत मजा आएगा बाकी मैं हूं तुम्हें ज्यादा नहीं पीने दूंगा और सब संभाल लूंगा यू ट्रस्ट मी ना। नव्या: अगर आप मेरे साथ हैं तो फिर मुझे कोई चिंता नहीं आपको जो ठीक लगे वह मंगा लीजिए। मैं: दैटस् गुड गर्ल, आज तुम शुरुआत कर रही हो तो हम रेड वाइन लेंगे। मैंने एक रेड वाइन बोतल का आर्डर किया थोड़ी देर में वेटर दो क्लास और एक चिल्ड् वाइन की बोतल ले आया। और दोनों क्लास में निकाल कर सर्व कर दी साथ में फ्रूट सलाद और चीज़ चिली भी दे गया। मैं: ये लो बेबी अपनी लाइफ का पहला जाम मेरी गर्लफ्रेंड की खुशियों के लिए चीयर्स चीयर्स बोलकर मैंने एक ग्लास नव्या को और एक क्लास को लेकर हल्के से ग्लास को टकराकर टन् की आवाज निकालकर अपने होठों से लगाकर एक सिप लिया। नव्या: भैया यह तो बहुत ही टेस्टी है हल्की सी खट्टी मीठी कुछ कुछ मीठे सिरके का स्वाद दे रही है। मैं: मेरी गर्लफ्रेंड आज अपनी लाइफ में पहली बार अपने भैया के साथ एंजॉय कर रही है आज की रात उसके जीवन में एक यादगार रात होगी जिसे वह कभी नहीं भूलेगी और मैं अपनी बहन की यह रात एक यादगार रात बना दूंगा आई लव यू बेबी। नव्या: आई लव यू टू भैया मै धीरे-धीरे एक ग्लास वाइन खत्म कर दी मैंने नव्या को थोड़ा धीरे पीने के लिए कहा और अपना दूसरा ग्लास भर लिया मेरा दूसरा ग्लास खत्म करने तक नव्या एक गिलास पी चुकी थी उसे हल्का सा मजा आने लगा था मैं: बेबी आओ चलो फ्लोर पर थोड़ा सा डांस करते हैं ओके जानू कहकर नव्या उठी और मेरी कमर में हाथ डालकर डांस फ्लोर पर ले आई हम दोनों ने एक दूसरे की कमर में हाथ डालकर थोड़ी देर डांस किया डांस करते-करते एक दूसरे को किस करने लगे और फिर दूसरे कपल की तरह हमने भी स्मूच करते-करते डांस किया थोड़ी देर में हमारी सांस भारी हो गई। नव्या: जानू अब बस करो हम डिनर करके रूम में चलते हैं। मैं: क्या तुम और वाइन लेना पसंद करोगी डिनर के साथ मैं तो और लेना चाहता हूं नव्या: ठीक है जानू मुझे कोई एतराज नहीं। हम वापस अपनी टेबल पर आ गए और वेटर को डिनर के साथ एक वाइन की बोतल और आर्डर कर दी थोड़ी देर में वह लेकर आ गया डिनर के साथ वाइन सर्व करके चला गया फिर मैं और नव्या ने वाइन को डिनर के साथ एंजॉय किया मुझे नव्या को संभालना भी था वह पहली बार ले रही थी इसलिए मैंने उसे ज्यादा नहीं पीने दिया डिनर के बाद हम रूम में आ गए। नव्या: आई लव यू भैया मैं सच में आपसे बहुत प्यार करती हूं आपने आज मुझे बहुत खुश कर दिया मैं पब में वाइन के साथ डांस और डिनर नहीं सोच सकती थी लेकिन आपने आज मुझे लाइफ एंजॉय करा दी आपने मुझे खुश कर दिया मैं भी आपको खुश करना चाहती हूं आई लव यू भैया। मैं: आई लव यू टू नव्या बेबी मैं भी बहुत खुश हूं कि मैं तुम्हें खुशी दे पाया बेबी तुम्हें हल्का सा सुरूर हो गया है कैसा लग रहा है नव्या: आई लव यू भैया बहुत मजा आ रहा है लग रहा है कि मैं हवा में उड़ रही हूं प्लीज भैया मुझे खासकर पकड़ लो मैं गिर पड़ूंगी मैं: इंजॉय करो नव्या मैं तुम्हें गिरने नहीं दूंगा नव्या: भैया मुझे गोदी में उठा लीजिए मैंने नव्या को अपनी गोद में उठा लिया और किस करने लगा फिर मैं उसको लेकर बेड पर आया और लेट दिया मैं: बेबी ड्रेस चेंज कर लो कपड़े उतार दो फिर हम आराम से सो जाएंगे नव्या: भैया आज मुझे बहुत शरारत करने का मन कर रहा है आई लव यू भैया मेरी कुछ और भी इच्छाएं हैं क्या मैं आपसे शेयर कर सकती हूं। मैं: नव्या मेरी जान तुम अपने भाई के साथ कुछ भी शेयर कर सकती हो तुम्हारा भाई तुम्हें बहुत प्यार करता है वह तुम्हारा बॉयफ्रेंड भी है शरमाओ मत नव्या: भैया हमें रात में कोई डिस्टर्ब नहीं करेगा मैं आज बिना कपड़ों के सोना चाहती हूं मैं सो सकती हूं क्या। मैं: बिल्कुल बेबी तुम अपनी हर इच्छा पूरी कर सकती हो क्या मैं तुम्हारी मदद करूं कपड़े उतारने में नव्या: हां भैया मुझे बहुत गर्मी लग रही है प्लीज हेल्प मी। नव्या ने अपने हाथ ऊपर कर दिए और मैं उसकी शर्ट को उतार दिया और उसकी जींस भी खोल दी अब वह केवल ब्रा पैंटी में थी फिर वह पीछे घूम गई अपने ब्रा खुलवाने के लिए। मैं: बेबी ब्रा और पेंटी तो पहने रहो बाकी सब ठीक है नव्या: ओके जानू। फिर मैं भी अपने कपड़े उतार कर अंडरवियर में आ गया और रूम की लाइट ऑफ करके बिस्तर में घुस गया नव्या : भैया मुझे आपको कुछ दिखाना है आप देखना चाहेंगे क्योंकि यह मैं सबसे पहले सिर्फ अपने बॉयफ्रेंड से शेयर करना चाहती थी अब आप ही मेरे बॉयफ्रेंड हैं। मैं: क्यों नहीं बेबी अब तुम मेरी गर्लफ्रेंड हो मेरे साथ कुछ भी शेयर कर सकती हो नव्या शर्माते हुए मेरे सीने से लग गई और मैंने उसको अपनी बाहों में जकड़ कर लिया और किस करने लगा। नव्या : भैया आप मुझे गर्लफ्रेंड के जैसे प्यार करो मैं: जानू मैं भी तुमको बॉयफ्रेंड की तरह प्यार करना चाहता हूं आई लव यू बेबी नव्या : भैया मेरा कोई भी बॉयफ्रेंड नहीं है मेरी सभी सहेलियों के दो-तीन बॉयफ्रेंड है लेकिन मुझे डर लगता है कहीं मेरे परिवार की इज्जत खराब ना हो इस वजह से मैंने कोई भी बॉयफ्रेंड नहीं बनाया। पर मेरा भी बहुत मन करता है कि मेरा भी बॉयफ्रेंड है और मुझे प्यार करें। मैं: परिवार की इज्जत और जिम्मेदारी के लिए मैंने भी कोई गर्लफ्रेंड नहीं बनाई। नव्या : शर्माते हुए) सच भैया आप मुझे बॉयफ्रेंड वाला प्यार करेंगे। आई लव यू भैया। मैंने नव्या को जोर से अपनी बाहों में जकड़ लिया और किस करने लगा अब हम दोनों एक दूसरे को स्मूच कर रहे थे । मैंने अपने हाथ नव्या की चूचियों पर रख कर धीरे से दबा दिया नव्या : उई मां भैया धीरे धीरे करिये मैं: बेबी तुम अपने ब्वायफ्रेंड से शर्मा रही हो शर्माओ नहीं और जैसे अपने ब्वायफ्रेंड से प्यार करना चाहती हो वैसे ही करो। नव्या :कान में बोली) भैया मेरी ब्रा उतार दीजिए फिर मजा आएगा। मैंने ब्रा को खोलने की कोशिश की लेकिन पहली बार मैं किसी लड़की की ब्रा खोल रहा था और वह भी मेरी बहन थी तो अनुभव न होने के कारण खोल नहीं पा रहा था तो मैंने झट कैसे उसकी ब्रा के को खींच कर तोड़ दी और ब्रा को उसकी तकिया के नीचे रख दिया दो सफेद कबूतर आजाद हो कर फड़फड़ाने लगे। नव्या : भैया आप ने ब्रा फाड दी आपके इरादे बहुत खतरनाक लग रहे हैं कह कर नव्या मेरे गले लग गई हमारे ऊपर के नंगे जिस्म एक दूसरे से लिपट कर मज़ा दे रहे थे। मैं: बेबी गर्लफ्रेंड बायफ्रेंड और कैसे प्यार करते हैं नव्या : आप मुझ से पूछ रहे हैं आप बायफ्रेंड हो तो प्यार करो ना। मैं: तेरी सहेली ने तुझको बताया था कि उसके बायफ्रेंड ने कैसे प्यार किया था बता ना मैं भी वैसे ही करूंगा। नव्या : धत् आप मुझसे ही पूछ रहे हो कि कैसे करें। मैं: हां बेबी मुझे अनुभव नहीं है नव्या : भैया मुझे भी नहीं है अनुभव। मेरी सहेली रीना भी अपने बड़े भाई राजीव की गर्लफ्रेंड बनी हुई है और उसकी कहानी सुनकर मेरा मन भी आपको अपना बायफ्रेंड बनाने का था पर डरती थी । मैं: राजीव तो मेरा दोस्त है,उसकी बहन रीना तेरी सहेली है, बहन चोद मुझे तो उसने कभी बताया ही नहीं, मुझे तो पता ही नहीं था अब डर खत्म हो गया मेरी बहन मेरी गर्लफ्रेंड मुझे प्यार करेगी ना। नव्या : हां भैया, रीना के भैया ने उसे एग्जाम दिलाने आगरा ले गए और एग्जाम नहीं देने दिया तीन दिन तक आगरा में बायफ्रेंड बन कर खूब प्यार किया। मैं: रीना ने बताया था कि कैसे प्यार किया था उसके भैया ने,बताओ हम भी वैसे ही करेंगे। नव्या : उसके भैया उसे आगरा इंजीनियरिंग का एग्जाम दिलाने ले गए दो दिन पेपर था एक दिन पहले सेंटर देखने पहुंचे और जे पी होटल में रीना को अपनी मंगेतर बता कर डबल बेड रूम लिया, उन्होंने भी आपकी तरह अपनी बहन को अपनी मंगेतर बनाकर डबल बैडरूम बुक किया था और जाते ही रूम बंद कर एक दूसरे से लिपट कर चूमने लगे और कपड़े उतार कर बाथरूम में बाथटब में घुस गए रीना को अपनी गोद में बिठाकर पीछे से उसकी चूचियों को पकड़ कर मसलने लगे और गर्दन पर दांत गडा कर चूसने लगे मैं भी नव्या की चूचियों को अपने हाथ में भर कर मसलने लगा मैं: इसी तरह मसल रहे थे क्या। नव्या: हां भैया रीना ने ऐसे ही बताया था उई मां सीई सी उफ़ भैया आराम से करो बहुत अच्छा लग रहा है फिर रीना के भैया ने उसे अपनी ओर घुमाया और उसकी एक चूची को अपने मुंह में भरकर पीने ले और दूसरी चूची को अपने हाथ से टीपने लगे वो सी सी ई उई करने लगी मैं: बेबी तुम भी उसकी तरह घूम कर मेरे गोद में बैठ जाओ मैं भी तुम्हारे दूध पीना चाहता हूं। नव्या : भैया मुझे शर्म आती है मैं: अरे अंधेरा है अपने भैया को दूध पिलाओ जैसे तुम्हारी सहेली ने अपने भैया को दूध पिलाया था शर्माओ मत। नव्या : भैया आप मुझे बेशर्म बनाकर छोड़ेंगे लीजिए मैं आपकी गोद में बैठ गई और लीजिए मेरे छोटे छोटे दूध पी लीजिए। मैं: बेबी एक बात बताऊं बहुत सीक्रेट है तुम एकदम अप्सरा की तरह सुंदर हो तुम्हारी चूचियां बहुत ही शानदार है नव्या तेरे दूध तो एकदम ताजी रसीली मुसम्मी जैसी हैं उम आ उम् म बड़ा मज़ा आ रहा है चूसने में आई लव यू बेबी, फिर रीना ने आगे क्या किया। नव्या : भैया आगे वो दोनों नहा कर बाहर निकल आये और आपस में डिसाइड किया कि रात भर प्यार करेंगे और सुबह पेपर देने नहीं जायेंगे पूरे 3 दिन होटल में प्यार करेंगे। मैं: उन्होंने और कैसे प्यार किया बेबी। मैंने दूध को पीते हुए पूछा नव्या : भैया मैं वो प्यार नहीं कर पाऊंगी मुझे बताने में ही बहुत शर्म आ रही है। मैं: अगर बताओगी नहीं तो फिर कैसे प्यार किया जाएगा। प्लीज बताओ ना। अब मैंने उसकी दूसरी चूची को अपने मुंह में भरकर पीने लगा नव्या: दोपहर में वो ताजमहल देख कर आये रात में डिनर करने के बाद बिस्तर में चले गए एक दूसरे के कपड़े उतार कर एसी 16° कर दिया उन्हें ठंड लगने लगी, वो कंबल में घुस गए उनके नंगे बदन एक दूसरे को बहुत मज़ा दे रहे थे। मैं: कैसे मज़ा दे रहे थे खुल कर बता ना जैसे रीना ने तुझको अकेले में बताया था। नव्या : आप भी ना भैया मुझे बेशर्म बनाकर छोड़ेंगे मैं उनकी डिटेलिंग नहीं कर सकती शार्ट में बताती हूं उसके बाद उन्होंने ओरल किया फिर इंटरकोर्स किया। मैं: ओरल मतलब और इंटरकोर्स क्या। नव्या : भैया आप सब जानते हैं फिर भी परेशान कर रहे हैं क्या आप मेरे नंगे जिस्म को अपने से लिपटा कर मेरी चूचियों को दबाने और चूसने के बाद इतने पर छोड़ देंगे ओरल और इंटरकोर्स नहीं करेंगे। मैं: जानूं मुझे तुम्हारे मुंह से सुनना अच्छा लगता है प्लीज बताओ ना ओरल और इंटरकोर्स कैसे किया उन्होंने फिर हम भी उनकी तरह से ही करेंगे। नव्या : मुझे बेशर्म बनाना चाहते हैं तो सुनिए रीना के भैया ने रीना की दोनों चूचियों को अपने हाथ में भर बहुत जोर जोर से टीपने लगे दबा दबा कर उसकी चूचियां लाल कर दी वह मजे से कराह रही थी आ आह उफ़ उई मां भैया आराम से दबाओ मुझे दर्द हो रहा है उफ़ मां मर गई फिर भैया ने उसकी एक चूची को अपने मुंह में भर लिया और दूध पीने लगे वह बीच-बीच में हल्के से निप्पल को काट ले रहे थे और उनके निप्पल काटने से रीना चिहुंक जाती थी और चिल्ला पडती थी आह उफ़ उई मां भैया आराम से पीओ काटो मत मुझे दर्द हो रहा है भैया प्लीज आप आराम से पीना काटना नहीं मेरे निप्पल बहुत सॉफ्ट है खून जम जाएगा आह उफ़ उई मां भैया आराम से दबाओ मुझे दर्द हो रहा है आह उफ़ उई मां भैया आर.. र … आराम से चूसो प्लीज आप लड़कों को निप्पल काटने में इतना मजा क्यों आता है और हम तड़प जाती हैं आप मुझे इस तरह सताएंगे तो मैं आपको रीना की कहानी नहीं बताऊंगी और कुछ भी नहीं करने दूंगी मैं: सॉरी बेबी मैं आराम से करूंगा लेकिन तुम्हारा दूध पीने मैं बहुत मजा आ रहा है और चूसते समय हल्के से दांत लग जाते हैं मैं जानबूझकर नहीं कर रहा आई लव यू बेबी, क्यों ना हम रीना और उसके भाई की तरह प्यार करें। नव्या: नहीं भैया मैं इंटरकोर्स नहीं करूंगी , मैं अपनी सील अपने भैया को बहुत ही स्पेशल मौके पर गिफ्ट करूंगी। मैं: आई लव यू बेबी मैं तुम्हारा साथ कोई जबरदस्ती नहीं करूंगा तुम जैसे चाहो फिर आगे रीना और उसके भाई ने क्या किया वह तो बताओ। नव्या: राजीव भैया ने खूब देर तक रीना की दोनों दूध काट काट कर पिए और उनको लाल नीला कर दिया बेचारी चीख चीखकर उनको को दूध पिलाती रही। फिर वो राजीव भैया को नीचे लेटा कर उनके ऊपर चढ़कर लेट गई और उनके निप्पल को पीने लगी। अब नव्या ने मुझे बिस्तर पर लिटा कर मेरे उपर आ गई और मेरे निप्पल को चूसने लगी और मेरे निप्पल को अपने मुंह में भर लिया और चाटने लगी मुझे बहुत तेज गुदगुदी हो रही थी मैं भी आ आ सीसी कर रहा था नव्या ने मेरे निप्पल को हल्का सा दांत से दबाया तो मैं चिहुंक गया फिर उसने मेरी पूरी निप्पल को अपने मुंह में भरकर काट लिया तो मैं : चीख पडा) आह उफ़ उई जानू आराम से करो बहुत मज़ा आ रहा है आई लव यू बेबी दूसरे निप्पल को भी दबाओ उसे भी चूसो बहुत मज़ा दे रही हो मेरी जान आ आ आई ओ मां आई लव यू बेबी ऐसे ही करते रहो। नव्या: भैया सेम टू सेम से मुझे भी मजा आता है मुझे दर्द भी होता है। फिर राजीव भैया ने रीना की टांगों को फैला कर उसकी जांघों के बीच में आकर उसकी बुर पर झुक गए और रीना की नन्ही सी कुंवारी बुर को अपने मुंह में भरकर पीने लगे और रीना ने उनके लंड को अपने मुंह में लेकर चूसने लगी। उसके भैया ने उसकी बुर का पानी जीभ से चाट चाट कर पी लिया। मैं: रीना को तो बहुत मजा आया होगा ना नव्या : शर्माते हुए) हां भैया उसे बहुत मज़ा आया था। मैं: बेबी आओ हम भी ओरल सेक्स करते हैं ना बेबी तुझे भी बहुत मज़ा आयेगा। नव्या: भैया आपकी बातों से मेरा मन भी बहकने लगा है आप भी मेरी बुर पीना चाहते हैं आई लव यू भैया बोलकर वह शर्मा गई मैं उठ कर बैठा और मैंने उसकी पैंटी उतारने की कोशिश की तो उसने भी अपने चूतड़ों को उठाकर सहयोग किया। नव्या: लीजिए भैया मैंने भी आपके लिए अपनी टांगें खोल दी है आईये मेरी रसगुल्ला बुर का पूरा रस निचोड़ लीजिए। कहकर नव्या नीचे लेट गई और अपनी जांघों को दूर तक फैला दिया मुझे अपनी जांघों के बीच में ले लिया मैंने मैं अंधेरे में ही उसकी टांगों को चौड़ा किया और उसकी बुर को सूंघने लगा फिर मैंने उसके ऊपर अपनी जीभ चलाई वह एकदम से सिहर गई। नव्या: आ आ भैया क्या कर रहे हो बड़ी गुदगुदी लग रही है सी ई मत करो। मैं 69 पोजिशन में आ गया और बोला मैं: जानू मेरे लंड को अपने हाथ में पकड़ कर सहलाओ तुझे मजा आएगा और मुझे अपनी बुर पीने दे उसने कोई हरकत नहीं की तो मैंने उसका हाथ पकड़ कर लैंड पर रख दिया और मुट्ठी में पकड़ा कर सहलाने लगा थोड़ी देर बाद वह खुद मेरे लैंड को सहलाने लगी मुझे मजा आने लगा था मैं: बेबी उसको मुंह में लॉलीपॉप की तरह से चूसो। नव्या: नहीं भैया मुझको अच्छा नहीं लगता। मैं: बेबी पहले किस करो फिर जीभ से चाटो उसकी खुशबू लो तुम को अच्छा लगेगा फिर रसगुल्ले को मुंह में भरकर चूसो मज़ा आयेगा। मुझे तुम्हारे बुर की खुशबू पागल बना रही है कितना मज़ा आ रहा है नव्या: ठीक है भैया मैं कोशिश करती हूं आप मेरी बुर में अपनी जीभ डालकर चूसो बहुत मज़ा आ रहा है उई मां बड़ी गुदगुदी लग रही है आ आ और अंदर भैया हां हां और थोड़ा सा मैं: बेबी मुंह में लो और चूसो आह आह बड़ा मज़ा आ रहा है पहले मैं तेरे बुर को पी लूं फिर तुझे अपनी क्रीम रोल खिलाऊंगा नव्या ने मेरे सिर को अपनी बुर पर जांघों से कस लिया और पानी छोड़ने लगी मैं सारा पानी चाट चाट कर पी गया बहुत ही बढ़िया था कुछ नमकीन सा कसैला थोड़ा सा मीठा........... जैसे कच्चे नारियल का पानी। बहुत ही स्वादिष्ट। मैं: नव्या कैसा लगा अपनी बुर पिला कर खूब सारा पानी आया था बहुत ही स्वादिष्ट है तेरी बुर का पानी। नव्या: भैया मैं तो हवा में उड़ गई थी झड़ने पर बहुत मज़ा आया और आपकी जीभ ने क़माल कर दिया। आई लव यू भैया आई लव यू इतना प्यार करने के लिए। मैं: चल अब तुझे और मजा देता हूं मैं खड़ा होता हूं तुम नीचे बैठ कर मेरे लंड को अपने मुंह में भरकर चूसो। नव्या: मुझे अच्छा नहीं लगता पर आज आपने इतना मज़ा दिया है मैं मना नहीं कर सकती नव्या ने मेरे लंड को अपनी हथेलियों में सहलाकर पकड़ा और बोली नव्या : भैया ये तो बहुत बड़ा और मोटा लग रहा है मेरी हथेलियों में नहीं आ रहा। उफ़ भैया ये रसगुल्ला कितना मोटा है मेरे होंठों में नहीं जा रहा। मैं: चाटो बेबी मुंह में लेने की कोशिश करो। आह तुम्हारे कोमल हाथों में जादू है नव्या ने सुपाड़ा अपने मुंह में ले लिया और उसके होंठ पूरे खुले हुए थे मुझे मज़ा आने लगा मैंने उसके सिर को पकड़ लिया और मुंह में धीरे-धीरे अंदर-बाहर करने लगा नव्या: ऊं....ऊं गूं ...गूं ऊ उक आह भैया आराम से चूसने दो उम्म आ मैं: बेबी इसको पूरा अन्दर तक लो मज़ा आ रहा है मैंने नव्या के मुंह से और अंदर डाल दिया और फिर सिर को पकड़ कर अपने लंड को पूरा उसके मुंह से घुसा दिया वो तड़प उठी लंड उसके गले में उतर गया उसकी आंखों में आसूं आ गया और मैं उत्तेजना में उसके मुंह को चोदने लगा और सारा वीर्य उसके गले में डाल दिया। फिर अपने लंड को बाहर निकाल लिया। नव्या: आप क्या कर रहे थे भैया मेरी सांसें रूकने वाली थी आई हेट यू कह कर रोने लगी मैंने उसे अपनी बाहों में भर लिया और उसके होंठों को चूसने लगा फिर वो बोली मैं मर जाती तो मैं: तेरा भैया तुझे बहुत प्यार करता है वो मरने नहीं देगा आज पहली बार हमने ओरल सेक्स किया है तुम्हे कितना मज़ा आया नव्या: शर्माते हुए) आई हेट यू जानूं तुमने मेरी जान निकाल दी थी पर बहुत मज़ा आया। भैया अब सो जाईए रात तभी भैया का फोन बज फोन उठा कर देखा तो मां का फोन था मां: तुम लोग दिल्ली ठीक से पहुंच गए वहां पहुंचकर फोन नहीं किया मुझे बड़ी चिंता हो रही थी मैं सो भी नहीं पा रही मैं: मां हम लोग 6:00 बजे दिल्ली पहुंच गए थे और होटल में चेकिंन करते हुए 7:00 बज गए थोड़ा फ्रेश हुए और फिर डिनर करने निकल गए अभी हम आपको फोन करने ही वाले थे । मां: मुझसे झूठ मत बोलो मुझे पता है तुम लोग भूल गए थे अपनी मस्ती में डूब गए मां का जरा भी ख्याल नहीं रहा कि मैं कितनी परेशान हो रही होगी। मैं: सॉरी मां मुझे माफ कर दो मां : कोई बात नहीं तुम लोग कैसे हो तुमने नव्या से बात की वह कुछ घुल मिल रही है तुमसे मैं चाहती हूं कि तुम उसे खूब प्यार करो, तुम समझ रहे हो ना मैं क्या कह रही हूं उसे खूब प्यार से खुश कर दो। मैं: मुझे थोड़ा समय दो मैं आपको निराश नहीं करूंगा नव्या को शीशे में उतारकर आपकी इच्छा पूरी करूंगा। मां: नव्या से बात कराओ नव्या बेटा रास्ते में परेशानी तो नहीं की बेटा खूब इंजॉय करना खूब सारी शॉपिंग करना मैंने भैया को बोल दिया है तुम्हें जो भी कुछ चाहिए भैया से कहना वह सब दिला देगा और भैया की सारी बातें मानना भैया तुम्हारी खुशी के लिए तुम्हें घुमाने ले गया है और अभी इंडोनेशिया भी लेकर जाएगा तुम्हारा कितना ख्याल रखता है तुझे भी उसकी खुशी का ख्याल रखना चाहिए उसे कुछ अच्छा सा गिफ्ट पूछ कर दे देना नव्या: अगर भैया ने कुछ ऐसा मांगा जो मैं ना दे सकूं तो क्या करूंगी मां: तेरा भैया बहुत समझदार है मैं तुझे वही मांगेगा जो तेरे पास होगा अपने भैया का पूरा भरोसा रख। नव्या: ठीक है मां आप जैसा क्या है मैं वैसा ही करूंगी मां: ठीक है अब मैं रखती हूं तुम लोग सो जाओ कल बात करते हैं ओके गुड नाइट स्वीट ड्रीम्स स्वीट मेमोरीज लव यू मेरे बच्चों मै: नव्या मां क्या कह रही थी नव्या: कुछ नहीं भैया वह कह रही थी एक दूसरे का ख्याल रखना और मैं आपसे पूछ कर आपको कोई अच्छा सा गिफ्ट दे दूं । चलिए भैया अब सो जाते हैं मैं: नव्या अभी नींद नहीं आ रही है क्या तुम सोना चाहती हो नव्या:भैया नींद तो मुझे भी नहीं आ रही है नव्या ने मेरे सीने पर अपना सर रख लिया था और एक हाथ से मेरे निप्पल को सहला रही थी जिससे मेरा मन मचलने लगा मैं: नव्या ओरल के बाद राजीव और रीना ने इंटरकोर्स किया वह कैसे हुआ प्लीज बताओ ना नव्या: आप मुझसे मेरी सहेली और उसके भाई के इंटरकोर्स के बारे में पूछ रहे हैं फिर आप मुझसे भी चाहेंगे कि मैं भी आपके साथ इंटरकोर्स करूं। मैं नहीं नव्या मैं तुम्हारी इच्छा के बिना कुछ भी नहीं करूंगा लेकिन मैं जानना चाहता हूं की राजीव ने रीना के साथ कैसेचुदाई की। नव्या : भैया आप इस तरीके से लोकल लैंग्वेज में बात ना करें मुझे बहुत शर्म आती है यह चुदाई क्या होता है मैं: बेबी लोकल लैंग्वेज में बात करने से मज़ा और दोगुना हो जाता है अगर तुम और मजे लेना चाहती हो तो अबसे लोकल लैंग्वेज में ही बात करेंगे तुम्हें मेरी कसम। नव्या: जानू लगता है कि अपने जैसे कसम खा ली है मुझे बेशर्म बनाने की चलिए आपकी खुशी के लिए मैं भी लोकल लैंग्वेज में बात करने की कोशिश करूंगी मैं: बेबी मुझे भूख लग रही है प्लीज मुझे दूध पिला दो नव्या : भैया इतनी रात में तो दूध नहीं मिल पाएगा मैं: क्यों नहीं मिल पाएगा मुझे दो टांगों वाली बछिया का ताजा-ताजा दूध पीना है मेरी बछिया मेरी गोद में है और मुझे उसका ताजा मीठा दूध पीना है नव्या: शर्मा गई ) धत् आप कितने गंदे हैं अपनी बहन को बछिया बोल रहे हैं और उसके दूध को पीना चाहते हैं भैया आप अपनी रोमांटिक प्यारी प्यारी गंदी बातें कैसे कर लेते हैं आई लव यू बाबू यह सुनकर मैंने उसको लिटा दिया और उसके ऊपर लेट कर उसके निप्पल को मुंह में भर लिया और दूध पीने लगा नव्या:आ आ आह उई मां भैया थोड़ा आराम से पियो इतनी जोर से मत चूसो मुझे दर्द हो रहा है मैं: आगे बताओ ना रीना और राजीव की चुदाई कैसे हुई नव्या: तो सुनिए ओरल के बाद राजीव भैया ने रीना को अपने नीचे लिटा लिया और उसके दूध यानी कि उसकी चूची मुंह में भरकर पीने लगे दोनों फिर से गर्म हो गए फिर राजीव भैया ने रीना टांगों को फैला दी और उसकी टांगों के बीच में आ गए फिर रीना की गांड़ के नीचे अपना तौलिया बिछा दिया। भैया आप मेरा दूध पी रहे हो मुझे भी कुछ-कुछ हो रहा है और मैं महसूस कर रही हूं कि आपका लंड अपनी औकात में आ रहा है मुझे लगता है कि इसके इरादे सही नहीं है मैं: बेबी इसके इरादे और नियत दोनों सही है यह भी तुमको प्यार करना चाहता है जैसे रीना को उसके भैया ने किया था लेकिन मैंने इसको समझा रखा है कि बिना तुम्हारे इच्छा के कुछ भी नहीं करेगा। नव्या: भैया मैं भी अपनी बुर की सील खुलवाना चाहती हूं लेकिन मैं आपको अपनी सील बहुत ही खास मौके पर गिफ्ट करना चाहती हूं प्लीज कुछ ऐसा कीजिए जिससे मेरी यह इच्छा भी पूरी हो जाए 15 दिन बाद आपका बर्थडे है हम उसे समय इंडोनेशिया में होंगे मैं वही आपसे अपनी सील खुलवाना चाहती हूं मैं आपको अपनी सील आपका बर्थडे पर गिफ्ट करना चाहती हूं प्लीज क्या आप मेरी इच्छा पूरी करेंगे। मैं: आई लव यू बेबी तुम मुझे कितना प्यार करती हो मुझे नहीं पता था तुमने अपनी सील मेरे लिए बचा कर रखी थी तो मैं ही इसको तोडूंगा आई लव यू और तुम्हारी इच्छा से तुम्हारी बर्थडे के दिन ही मैं सील लूंगा। तुम आगे बताओ राजीव ने रीना की चूची पी और दोनों गर्म हो गए उसके बाद कैसे उसने रीना की सील तोड़ी मुझे यह जानना है नव्या: बताती हूं भैया ठंड रखो, आप तो बहुत बेसब्र हो रहे हैं गर्म होने के बाद राजीव भैया ने रीना की जांघो को फैला दिया उसकी जांघों के बीच में बैठ गए फिर अपने 6 इंच के लंड के सुपाड़े को रीना की बुर पर रगड़ने लगे और वह बेचैन हो उठे वह अपना सुपाड़ा रीना न की बुर की पर रगड़ रहे थे फिर धीरे से उन्होंने रीना की बुर में एक धक्के में लंड का सुपाड़ा अंदर घुसा दिया वो दर्द से कराह उठी वो रुक गये और फिर थोड़ी देर बाद दूसरा धक्का लगाया और तीन इंच और अंदर ठोंक दिया रीना तड़प उठी वो रोने लगी कि भैया प्लीज़ आप मुझे छोड़ दो बाहर निकल लो मैं मर जाऊंगी बहुत दर्द हो रहा है उसके भैया ने कहा रीना बस बस हो गया अब तुझे मजा आने लगेगा और उसके होंठों को चूसने लगे और धीरे धीरे लंड को अंदर-बाहर करते हुए 5 इंच अन्दर डाल दिया अब रीना की बुर की झिल्ली पर लंड को भैया महसूस करने लगे रीना को अब मज़ा आने लगा था भैया ने रीना को कहा रीनू थोडा सा बचा है डाल दूं रीना को होने वाले दर्द का अंदाजा नहीं था वो बोली डाल दो भैया बडा मजा आ रहा है मैं: नव्या क्या हम थोड़ा सा कर ले रीना और राजीव की चुदाई का वर्णन सुनकर मेरा मन भी तुम्हें चोदने का हो गया है तुम्हारा भी मन है मेरा भी लंड खड़ा हो गया है सिर्फ थोड़ा सा सुपाड़ा डालकर चोदूंगा सील नहीं तोडूंगा आई लव यू मेरी बहना प्लीज मुझे तेरी बुर में सुपाड़ा डालने की परमिशन दे हैं आई लव यू नव्या: भैया मन तो मेरा भी कर रहा है लेकिन मैं अपनी सील आपको आपके बर्थडे के दिन गिफ्ट करना चाहती हूं मैं: नव्या एक काम करें क्यों ना मैं तेरी बर्थडे की पार्टी आज ही कर लूं और इंडोनेशिया में हनीमून मना लेंगे आई लव यू मेरी बहना मेरी जान अपने भैया के लिए इतना तो कर ही सकती हो वैसे मम्मी ने भी तुम्हें मेरी पसंद का गिफ्ट देने की यह कहा है। नव्या: भैया मम्मी ने गिफ्ट दिलाने की बात की थी बुर देने के लिए थोड़े ना कहा था मैं यह आपको आपके बर्थडे पर देना चाहती हूं प्लीज मान जाइए ना आप ज़िद करेंगे तुम्हें बहक जाऊंगी और आपको अपनी बुर की सील देने के लिए अपने टांगे खोल दूंगी प्लीज भैया मैं: मुझे तेरी सील पैक कुंवारी बुर पसंद है मैं तो तेरी बुर ही गिफ्ट में चाहता हूं अगर तू मुझसे इतना प्यार करती है तो ठीक है मुझे आज अपनी सील मत तोड़ने दे लेकिन सुपाड़ा घुसा कर थोड़ी सी प्रैक्टिस कर लेने दे तुझे भी बहुत मजा आएगा नव्या: आई लव यू भैया अब यह सील पैक कुंवारी बुर आपकी है आप जैसा ठीक समझे आज नहीं तो 15 दिन बाद मुझे आप ही को देनी है यह आपकी अमानत है लेकिन मेरी इच्छा का मान रखेंगे तो मुझे भी अच्छा लगेगा मैं:आई लव यू मेरी बहन तू भी अपने सहेली रीना की तरह और मेरे सुपारी को अपने बुर के छेद पर लगा के पकड़ इसलिए कि मैं ज्यादा ना घुसा पाऊं मैं तेरी सील आज नहीं तोडूंगा हम दोनों मजा करेंगें और उनकी भी कहानी सुनाती रहे तो ज्यादा मजा आएगा नव्या: भैया, राजीव भैया ने रीना कीबुर में झिल्ली को 5 इंच अंदर लंड घुसने के बाद महसूस आया था तो इतना आप भी कर सकते हो। मैं: ठीक है जानू मैं ख्याल रखूंगा लेकिन जैसे ही सुपाड़ा तुम्हारी झिल्ली तक पहुंचे मुझे बता देना आई लव यू बेबी मैं तुम्हारी जैसी बहन का धन्य हो गया नव्या: भैया मैं आपके लंड का सुपाड़ा अपनी बुर पर लगा दिया है धीरे से धक्का लगाइए उसको मेरी बुर में घुसा दीजिए सी सी ई आ भैया धीरे से करिए दर्द हो रहा है। मैं: बेबी एक बार सुपाड़ा अंदर घुस जाने दो थोड़ा सा जांघों को ढीला छोड़ दो आह बेबी तेरी बुर बहुत टाइट है आई लव यू नव्या: भैया बहुत दर्द हो रहा है कुछ लगा लो मेरे पर्स में कोल्ड क्रीम निकालकर मेरी बुर में और अपने लंड पर लगा लीजिए तो आराम से घुस जाएगा लाइए मैं लगा दूं नव्या ने थोड़ी सी क्रीम अपनी बुर और मेरे लंड पर लगा कर सुपाड़ा को फिर से अपनी बुर के छेद पर टिकाया और धीरे से बोली अब भैया मैंने इसकी गर्दन पकड़ ली ये इधर उधर नहीं फिसलेगा घुसा दो, मैंने धीरे से धक्का लगाया तो सुपाड़ा नव्या की बुर के छेद को फैला कर अंदर घुस गया नव्या:आ आह उई मां बस रूक जाइए भैया सुपाड़ा अन्दर चला गया मुझे दर्द हो रहा है आ… सी… सी….ई उई मां बस बस्…से और नहीं भैया सी…. सी… .उन्..न्ह आ… आराम से जानू। मैं: ठीक है बेबी , पुचच् पुच्ची उम् आ कितना अच्छा लग रहा है मेरा सुपाड़ा तेरी बुर में फस गया है तेरी कुंवारी बुर बहुत टाईट है बेबी आई लव यू। बोलते हुए मैं सुपाड़े को धीरे धीरे अंदर-बाहर कर रहा था और उसके निप्पल को मुंह में चुभला रहा था 2 मिनट बाद उसे भी मजा आने लगा उसकी दर्द वाली सिसकारियां आनंददायक सिसकारियों में बदल गई। नव्या: सी… सी….ई उम्म…. आ भैया मुझे दर्द थोड़ा कम हो गया है और अच्छा सा लग रहा है इसी तरह निप्पल चूसते हुए धीरे धीरे अंदर-बाहर करते रहिए आ उह् … सी… सी….ई उम्म…. आ.. धीरे धीरे मज़ा आ रहा है पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्ची मैं : बेबी, मज़ा आ रहा है न सी… आह आ सी….ई उम्म…. आ .. तुम्हारी बुर कितनी गर्म है अंदर कितनी चिकनी है जानू थोड़ा सा और अन्दर डाल दूं मज़ा आयेगा आ आह। नव्या:आई लव यू भैया मुझे इतना प्यार करने के लिए कितना अच्छा लग रहा है थोड़ा सा और अन्दर डाल दो लेकिन धीरे-धीरे आऊ ...आ …आह… इ मैंने धीरे धीरे अंदर-बाहर करते हुए 3 इंच अंदर तक घुसा कर चोदने लगा नव्या:आ आह उई मां बस रूक जाइए भैया, मुझे दर्द हो रहा है आ… सी… सी….ई उई मां बस बस्…से और नहीं जानू आपका पप्पू मेरी पप्पी में घुस कर नाभी के नीचे ऊपर नीचे चलता हुआ लग रहा है भैया सी…. सी… .उन्..न्ह आ… आराम से जानू आ पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च पुच मैं : बेबी, मज़ा आ रहा है न सी… आ आई लव यू बेबी पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च बेबी तुम्हारे निप्पल से दूध आ रहा है पीने में मस्त मीठापन है जानू राजीव और रीना ने आगे क्या किया नव्या:सी… सी….ई उम्म…. भ..भ्.. भैया…. वो दूध नहीं है अआ दूध तो बच्चे पैदा होने पर आता है लेकिन आपको द..दूध आ चूची पिलाने से आपके लंड की शैतानियों आ.. अ उ … और मजा आ रहा है भैया मज़ा लेने दो किसी और की बात न करो मेरे राजा आई लव यू टू राज्जा.. मैं: आ अ अगर बताओगी तो और भी ज्यादा मजा आएगा नव्या: रीना को बहुत मज़ा आ रहा था राजीव भैया बोले एक बार थोड़ा सा दर्द करेगा अब मैं तेरी सील पैक बुर की सील खोलूंगा रीना बोली खोल दो मेरी सील भैया मैंने आपके लिए ही बचाकर रखी है आई लव यू भैया। और उसके भैया ने उसकी टांगों को उठाया और अपने कंधों पर रख कर उसे अपनी बाहों में भर लिया वो हिल भी नहीं सकती थी और उसके होंठों को अपने मुंह में भरकर एक जोरदार धक्का लगाया और भैया का लंड रीना की सील तोड़ता हुआ अन्दर तक बच्चेदानी में घुस गया रीना बहुत जोर से चीख पड़ी आंखों से आंसू निकलने लगे पर उसकी चीख भैया के मुंह में घुटकर रह गई वो बेहोश हो गई उसकी बुर से खून का फौवारा निकल पड़ा। रीना के भैया ख़ून देखकर बहुत खुश हो गए कि उन्होंने अपनी बहन की सील खोली। मैं : ये तो बहुत मजेदार चुदाई है रीना को बहुत मज़ा आया होगा फिर तो रीना को होश कब आया। नव्या: कितनी दर्दनाक थी रीना की सील टूटना और आपको मजेदार लगा इसी लिए कहते हैं सब मर्द एक जैसे होते हैं सील तोड़ने में सबको मजा आता है। थोड़ी देर बाद रीना होश में आई और कराहती हुई बोली भैया आपने अपनी बहन की सील तोडी आपको तो बहुत मजा आया, लेकिन मेरी सज़ा हो गई भैया बोले आई लव यू रीना आई लव यू टू भैया, थोड़ी देर बाद रीना को भी मज़ा आने लगा वो भी सिसकारियां भरने लगी ये रीना की पहली चुदाई थी। मैं: बेबी, कैसा लगा रहा है अपनी सील पैक कुंवारी बुर में अपने भैया का लंड लेकर सी… सी….ई उम्म…. आ नव्या: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, बहुत मज़ा आ रहा है सी… आ अब दर्द बहुत कम हो गया इस दर्द में मज़ा मिल रहा है सी… सी….ई उम्म…. आ भैया मेरी बुर में से पानी निकल रहा है थोड़ा सा और अन्दर डालिए मैं: अ आह बेबी इसी तरह से खुल कर बात करने से मज़ा बढ़ जाता है अभी 3 इंच तेरी बुर में है मैं थोड़ा सा और अन्दर डाल ल रहा हूं मैंने धीरे धीरे अंदर-बाहर करते हुए लगभग 4 इंच लंड अंदर डाल दिया नव्या:आ आह उई मां बस रूक जाइए भैया, मुझे दर्द हो रहा है आ… सी… सी….ई उई मां बस बस्…से और नहीं जानू आपका पप्पू मेरी पप्पी में घुस कर सील तक पहुंच गया और सील को बार-बार टच कर रहा है भैया सी…. सी… .उन्..न्ह आ… आराम से जानू आ आह और अंदर मत डालना नहीं तो मेरी सील टूट जाएगी और गिफ्ट नहीं कर पाऊगी पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च हां भैया इसी तरह धीरे-धीरे अंदर-बाहर करिये भैया आ… आ… आह…बहुत मज़ा आ रहा है मैं: हां बेबी, मुझे भी बहुत मज़ा आ रहा है तेरी चिकनी बुर में फस फस कर चुदाई कर रहा है पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, और मजे करने है तो थोडा सा और डाल दूं। नव्या: आई लव यू भैया आप बहुत अच्छे हो आपका पूरा कंट्रोल है आपकी फीलिंग पर, राजीव भैया ने तो अब तक बेरहमी से रीना की सील तोडी डाली थी और आप मेरी इतनी केयर कर रहे हैं जिससे अभी तक मुझे कोई बहुत ज्यादा तकलीफ़ नहीं हुई, भैया मन तो मेरा भी कर रहा है पर सील टूट जाएगी तो आपको बर्थडे पर क्या गिफ्ट करूंगी पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, मैं : अभी और आज के मजे करने के बारे में सोचो बर्थडे गिफ्ट में हम हनीमून साथ में मना लेंगे वह भी इंडोनेशिया में बहुत मजा आएगा तुम मुझे सील गिफ्ट कर रही हो ना पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी. नव्या: ठीक है भैया जब हम दोनों चाहते हैं तो आप आज ही ले लीजिए मेरे बुर की सील भैया आपका लंड बहुत बड़ा है अभी कितना अंदर है मैं: अभी तो केवल 4 इंची अंदर गया है बेबी जब तुम्हारी सील तोड़कर पूरा अन्दर तक बच्चेदानी में घुस कर चुदाई करेगा तो तुम्हें बहुत मज़ा आयेगा। पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी, नव्या: भैया, अभी थोड़ा मीठा मीठा प्यारा सा दर्द है पूरा घुस कर ये जालिम मेरी बुर को फाड़ता हुआ मेरी बच्चेदानी में घुसेगा तो बहुत दर्द होगा ना मैं मर जाऊंगी बर्दाश्त नहीं कर पाऊंगी अपका लंड बहुत बड़ा और मोटा है रीना अपने भैया के 6 इंच के लंड से बेहोश हो गई थी आपका तो 9 इंच लम्बा है। मेरा मन भी कर रहा है पर मैं डरती हूं। मैं: डरो मत बेबी मैं हूं ना मैं सब संभाल लूंगा सील टूटने में पहली बार तो दर्द होगा ही उसके बाद फिर मजा ही मजा मिलेगा जैसे तुम्हारी सहेली रीना को मिल रहा है नव्या:आई लव यू भैया मुझे होने वाले दर्द को सोच कर बहुत डर लग रहा है मैं: बेबी मुझे प्यार करती हो मुझ पर नहीं भरोसा है क्या नव्या: बहुत प्यार करती हूं भैया और आप पर अपने से ज्यादा भरोसा है पर ये आपका ज़ालिम लौड़ा, इस पर नहीं हो रहा। कितना बड़ा और खतरनाक है और कितना प्यारा भी, मेरी बुर में घुस कर मुझे प्यार करते करते आज सील तुड़वाने के लिए मना रहा है दर्द भी दिया और प्यार भी कर रहा है। ये मेरी बुर के साथ मेरी जान भी ले लेगा मैं: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी, ये सिर्फ सील तोड़ते समय ही दर्द करेगा फिर इतना प्यार करेगा इतना मज़ा देगा कि तुम फिर कभी इसे अपने से अलग नहीं करोगी रोज इससे प्यार मांगोगी।। नव्या:आई लव यू भैया, मैं आप पर भरोसा कर के आपको अपनी कुंवारी सील पैक बुर दे रही हूं आप अपने लौड़े को कंट्रोल करना ये मेरी बुर ले मेरी जान नहीं। मैं दर्द को बर्दाश्त कर लूंगी पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, आप इसे निकाल कर इस पर और क्रीम लगा लो मेरी बुर में भी क्रीम भर दो मैं : ठीक है मेरी जान जैसी मेरी राजकुमारी की आज्ञा आई लव यू फिर मैंने नव्या के चूतड़ों को उठा कर तकिया लगाया और उस पर तौलिया बिछाकर उसकी बुर में क्रीम लगा दी और अपने लंड पर भी क्रीम लगाने के बाद उसकी पैंटी को उसके सिर के पास रख दिया मैं: बेबी, तैयार हो अपने भैया को बुर की सील गिफ्ट देने के लिए। नव्या: पुचच.पुच्च आओ भैया ले लो मैं नव्या के ऊपर लेट गया और उसे ढेर सारे किस करने के बाद उसकी चूचियों को सहलाने मसलने लगा और फिर उसके कान में धीरे से बोला जानू अपने मुंह में पैंटी डाल लो थोड़ा सा दर्द करेगा मैं दर्द को बहुत जल्दी मज़े में बदल दूंगा नव्या की आंखों में डर दिखाई पड़ रहा था मैंने उसे चूमते हुए भरोसा दिलाया कि मैं हूं उसने अपने मुंह में पैंटी डाल ली तो मैंने उसकी जांघों को सैट कर उसके हाथ के पंजों को सिर के पास रख कर अपने हाथ के पंजों में फंसा कर जकड़ लिया और उसे बोला। मैं: बेबी अपने भैया को अपनी बुर में जगह देने के लिए उसके रसगुल्ले को अपनी कटोरी पर रखो और दो मिनट बाद मिलने वाले आनंद की कल्पना में डूब जाओ कह कर मैंने एक धक्का धीरे से लगाया तो सुपाड़ा नव्या की बुर में आराम से चला गया नव्या: आ आह उई मां आराम से भैया, मुझे दर्द हो रहा है आ… सी… सी….ई उई मां धीरे धीरे से डालो… आ आ..ह . अ उफ भैया सी…. सी… .उन्..न्ह आ… आराम से जानू आ पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च फिर 6-7 बार लंड को अंदर बाहर करने के बाद मैंने नव्या को कस कर पकड़ा और एक जोर का धक्का लगाया तो 1 इंच लंड और अन्दर तक चला गया नव्या कराह उठी नव्या: आ आह उई मां आराम से भैया, मुझे लग रही है उ…. उई……… मां मैं: बेबी, तैयार हो जाओ अब तुम्हारी सील टूटने वाली है नव्या ने आंखों से मौन स्वीकृति दी उसकी आंखों में एक अजीब सा डर और खुशी का मिश्रित भाव था मैंने उसके मुंह से पैंटी निकाल दी और उसके होंठों को अपने मुंह में भरकर चूसने लगा फिर एक जोरदार धक्का पूरी ताकत से मारा तो लंड 2 इंच और अंदर घुस गया मुझे लगा जैसे मेरे लंड पर कसा कोई रबड़ बैंड टूटा हो नव्या एकदम दर्द से तड़प उठी और मुझे अपने से दूर धकेलने की नाकाम कोशिश करने लगी मैंने उसे मजबूती से पकड़ रखा था नव्या दर्द से तड़प गई उसका बदन ऐंठ गया आंखें फैल गई दर्द की वजह से उसकी आवाज़ नहीं निकल पा रही थी वह नीम बेहोशी की हालत में पहुंच गई मुझे एहसास था कि नव्या को इस तरह से दर्द होगा बेचारी की नाज़ुक कुंवारी सील पैक बुर में पहली बार 6 इंच लम्बा मोटा लंड घुस कर उसकी सील तोड़ा था बुर एक दम मेरे लंड पर कसी हुई थी मैंने लंड को वही पर रोक दिया। मुझे इस समय बहुत मज़ा आ रहा था आज के समय में जिसे बुर की सील तोड़ने को मिले वह बहुत लकी होता है मैं : बस बस बेबी, हो गया बस अब और नहीं डालूंगा हिम्मत रखो अब और दर्द नहीं होगा बस्स हो गया। पुचच्… पुचच….पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, तुम बहुत प्यारी हो आह आह बहुत मज़ा आ रहा है बेबी आह तूने अपनी सील मुझे गिफ्ट कर दी थैंक यू बेबी आई लव यू अब नव्या को धीरे धीरे सेन्स आ रहा था उसके होंठ हिलने लगे वो कराह रही थी मैंने नव्या के निप्पल को अपने मुंह में भरकर चूसने लगा उसे थोड़ी सी राहत मिली और वो बोली नव्या: आ आह उई मां भैया मैं मर जाऊंगी सी….सीई….. उफ़ मैं मर गई रे..प्लीज़ आप बाहर निकल लो आ आह सी भैया बहुत दर्द हो रहा है मेरी बुर फट गई आपने मेरी सील तोड दी बस्स बस भैया अब रूक जाओ अब मत डालना है आ आ आह मर गई रे उफ़ उ उई मां बहुत जोर से लग रही है पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, आराम से भैया, पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, अब और नहीं डालना बहुत दर्द हो रहा है मेरी सील मैंने आपको दे दी मेरे राजा आई लव यू। आ आ.. आपको मज़ा आया मैं: हां बेबी मुझे बहुत मजा आ रहा है तुम्हारा दर्द कैसा है तुम्हें मज़ा आ रहा है? नव्या: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू भैया अभी तो ये मेरी सज़ा लग रहा है दर्द थोड़ा सा कम हो गया पर अभी भी बहुत दर्द है आप और अंदर मत डालना प्लीज आ… आ.. आ.ह.. सी… मैं: धीरे-धीरे अंदर-बाहर करता हूं तुझे अभी मज़ा आने लगेगा तेरी बुर बहुत कसी हुई है बेबी मज़ा आ गया थोड़ी अंदर बाहर करने नव्या को दर्द से राहत मिली तो वह नीचे से अपने चूतड़ों को हिलाने लगी उसकी सिसकारियां और कराहने की आवाज मजे वाली हो गई। नव्या: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, आ.. आ.. उ.. भैया यह तो जादू हो गया अब बहुत अच्छा लग रहा है मज़ा आ गया बाबू मैं: बेबी और मजा लेना है क्या मैं थोड़ा सा और अन्दर डाल दूं बस 3 इंच बचा है जब तक पूरा अंदर नहीं जाएगा तब तक पूरा मजा नहीं मिलेगा पूरा मजा लेने के लिए थोड़ा सा दर्द और बर्दाश्त करना होगा पुचच्… पुचच. उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी, नव्या: नहीं नहह नहीं भैया और अंदर मत डालना मुझे अभी की तकलीफ हो रही है हां थोड़ा सा मजा ही मिल रहा है लेकिन मैं और अंदर नहीं ले सकती प्लीज आई लव यू बाबू। मैं: बेबी, जब तक पूरा अंदर नहीं जाएगा तब तक तुम्हें पूरा मजा नहीं मिलेगा और हम जब भी कोशिश करेंगे तुम्हें यह दर्द बार-बार सहन करना पड़ सकता है इसलिए मैं तुम्हारे फायदे के लिए समझा रहा हूं की अभी थोड़ा सा बर्दाश्त कर लो फिर दोबारा कभी दर्द नहीं होगा। नव्या: आप सही कह रहे हो पर मुझे बहुत डर लग रहा है पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, प्लीज आज और मत डालो कल डाल देना मैं ऑफ नहीं करूंगी और पूरा अंदर ले लूंगी तुम्हारी कसम बाबू। मैं: ठीक है बेबी अभी तो मज़े लो । 1मिनट में नव्या अपने चूतड़ों को उठाकर मेरे धक्कों से ताल मिलाने लगी मुझे समझ में आ गया कि उसको बहुत मज़ा आने लगा वो थोड़ा सा और अन्दर लेने की कोशिश कर रही थी मुझे पूरा मजा लेना -देना था तभी नव्या: पुच्च्… पुचच. भैया थोड़ा जल्दी से तेजी तेजी करो मुझे बहुत अच्छा लग रहा है मेरे अंदर से कोई सैलाब बहकर बाहर आना चाहता है थोड़ा और तेजी से करो पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बाबू बोलते हुए नव्या ने मुझे कसकर जकड लिया मैं समझ गया नव्या झड़ने वाली और इस समय अगर मैं पूरा लंड उसकी बुर में घुसा दूं तो झड़ने के उन्माद में उसे दर्द कम होगा मैंने अपने मन को बहुत बड़ा किया और सोचा उसी की भलाई के लिए एक बार मुझे थोड़ी सी जबरदस्ती करनी पड़ेगी, मैंने अपना लंड उसकी बुर से बाहर खींच लिया और चूतड़ों को उठाने के लिए कहा तौलिया पर काफी खून गिरा था मैंने उससे बुर को साफ़ किया और मोड़ कर साफ़ तौलिया की तरफ से, तकिया सही करके उसके चूतड़ों के नीचे लगा दिया, थोड़ी सी क्रीम उसके बुर में लगाई और अपने लंड पर थोड़ी सी लगाकर वापस उसकी बुर में सुपाड़े को डालकर सेट किया फिर उसकी जांघों को अपनी जांघों पर चढाकर के ऊपर लेट किया उसे अच्छे से जकड लिया। मैं: पुचच्… पुचच.पुच्च आई लव यू बेबी, अब तुम्हें अपनी चुदाई आर्गेज्म मिलने जा रहा है इसको बहुत पूरे मन से ध्यान लगाकर फील करो। मैं चाहता था कि मैं अपने पहले आरर्गेज्म को यादगार के साथ संजोकर रखे इस लिए मैंने डिसाइड किया कि इसको आर्गैज़्म पूरी तरह एंजॉय करने के तुरंत बाद मुझे पूरा मज़ा लेने देने के लिए अपने पूरे लंड को इसकी बुर में डाल कर चोदना होगा। कल के लिए कुछ नहीं छोड़ना। नव्या तेजी से अपने पहले आर्गेज्म की तरह बढ़ रही थी नव्या: आ.. आ ..आह… हां… भैया.. यस्स…यस… और तेज भैया बहुत म् …. मज… मजा आ रहा है बहुत तेज ग.. ग.. गुद… गुदगुदी हो रही है आ … हां ऐसे ही करते रहो आ… आह… चीख कर ढीली पड़ने लगी मैं: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी मेरी बेबी को मज़ा आया पुचच्… चुदाई से पहला आर्गैज़्म मिलने की बधाइयां पुचच.पुच्च। नव्या: य्स यह भैया यू आर ग्रेट माई लव आई लव यू भैया आपने मुझे जन्नत की सैर करा दी मैं आपके साथ पहली चुदाई जीवन भर याद रखूंगी आपने मुझे बहुत मजा दिया आपको भी आपकी बहन की सील तोड़ने की बहुत-बहुत बधाई पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म. पुच्च आई लव यू जानू। मैं: बेबी, अभी और मजा आयेगा तुम अभी दूसरा आर्गैज़्म एंजॉय करना चाहती हो आज के दूसरे आर्गैज़्म में बहुत मज़ा देगा पुचच्… पुचच.पुच्च उम् नव्या: भैया आपका अभी भी नहीं हुआ चलिए मेरे साथ आप भी अपना आर्गेज्म ले लो पुचच्… पुचच.पुच्च, मैंने धीरे धीरे अंदर-बाहर करना शुरू किया नव्या ने ढेर सारा पानी छोड़ दिया था जिससे मेरा लंड आराम से फिसलकर नव्या की बुर में अपना जादू दिखा रहा था मैंने अभी तक और लंड नव्या की बुर में नहीं डाला था मैं चाहता था कि नव्या पूरे लंड को कम से कम दर्द में अपनी बुर में घुसा कर मज़ा ले मैंने नव्या को सही से तरह से जकड़ा और एक जोर का ठाप मारा मेरा लंड 1 इंच उसकी बच्चेदानी में घुस गया वो बेचारी दर्द से तड़प उठी और मेरी पकड़ से छूटने की कोशिश करने लगी, मैंने उसे अच्छी तरह से जकड़ रखा था उसके होंठों को अपने मुंह में भरकर लाक करके एक जोरदार ठाप और मारी नव्या एकदम से बुरी तरह से तड़प उठी उसके मुंह से दर्द में गूं…गूं ऊं.. की आवाज निकल रही थी उसकी आंखों से आंसू निकलने लगे वो ये सोच कर बहुत परेशान दिख रही थी कि अभी भैया ने कितने प्यार और आराम से सील तोडी और अब कैसे जबरदस्ती उसकी बुर फाड़ कर बच्चेदानी में घुसा रहे हैं वो कुछ समझ पाती उससे पहले ही मैंने एक और जोरदार धक्का मारकर अपना पूरा 9 इंच लंबा लंड बेचारी नव्या की नाज़ुक बुर में उसकी बच्चेदानी में घुसा दिया वो मुंह लाक होने से चीख भी नहीं सकी और दर्द से तड़प कर बेहोश हो गई मुझे एहसास था कि मेरे इतने बड़े लंड से नव्या बेहोश हो सकती है लेकिन यह इस समय बहुत जरूरी था सारे दर्द से एक बार में छुट्टी हो गई उसे अब कभी इतने दर्द हो नहीं सहना पड़ेगा। मैं बिना रुके लंड को पूरा निकाल कर फिर पूरा-पूरा उसकी बच्चेदानी में ठोक रहा था जिससे उसकी बुर रवां हो जाये। 20-25 धक्के लगाने के बाद नव्या को होश आने लगा वो दर्द से बिलख बिलख के रो रही थी नव्या: आ… आआ…आह… उई मां सी….सीई….. उफ़ मैं मर गई रे…. भैया..प्लीज़ आप बाहर निकल लो आ आह सी भैय् … भै.… भैया मैं मर जाऊंगी बहुत दर्द हो रहा है मेरी बुर फट गई बस्स बस भैया अब रूक जाओ अब मत डालना है आ आ आह मर गई रे उफ़ उ उई मां बहुत जोर से लग रही है पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बाबू, आराम से भैया, पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बाबू, अब और नहीं डालना बहुत दर्द हो रहा है मेरे राजा आई लव यू। आ आ.. उई मां सी….सीई….. उफ़ मैं मर गई रे भैया बहुत ज़ालिम लौड़ा है आपका मुझे मार डाला रे उई मां सी….सीई….. उफ़ मैं मर गई रे मैं : बस बस बेबी, हो गया बस अब हो गया हिम्मत रखो अब और दर्द नहीं होगा बस्स हो गया। पुचच्… पुचच….पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी, तुम बहुत प्यारी हो आह आह बहुत मज़ा आ रहा है बेबी आह मेरा पूरा 9 इंच लंबा लंड तेरी सील तोड़कर बच्चेदानी में घुस गया है बेबी आई लव यू। बस बस हो गया अब तुझे बहुत मज़ा आयेगा। मैं: बेबी अब तुम्हारा दर्द कैसा है तुम्हें मज़ा आ रहा है न? मुझे बहुत मज्जा आ रहा है थोड़ी अंदर बाहर करने नव्या को दर्द से राहत मिली तो वह नीचे से अपने चूतड़ों को उचकाने लगी उसकी रोने वाली सिसकारियां मजे वाली सिसकारियों में बदल गई। नव्या: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू जानू, आ.. आ.. उ.. भैया सी..सी… धीरे-धीरे दर्द काफी कम हो गया अब अच्छा लग रहा है मज़ा आ गया बाबू च्… पुचच. भैया थोड़ा जल्दी से तेजी तेजी करो मुझे बहुत अच्छा लग रहा है मेरे अंदर से कोई सैलाब बहकर बाहर आना चाहता है मुझे फिर से आर्गैज़्म होने वाला है थोड़ा और तेजी से करो पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बाबू मैं नव्या की बुर में जोर-जोर से धक्के मरने लगा वो आह आह सी सी करती मजा ले रही थी मैं: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बेबी मेरी बेबी को मज़ा आया पुचच्… बेबी मैं भी पानी छोड़ने वाला हूं कहां निकालूं रानी अपना पानी नव्या:पुचच….पुच्च पुचच. ..भैया थोड़ा तेजी से करो मुझे बहुत अच्छा लग रहा है अपना पानी मेरी बच्चेदानी में भर दो मैं आपके प्यार को पूरा पाना चाहती हूं और तेजी से करो पुच्च उम् उम्म… आ.. पुच्च आई लव यू बाबू मैं : आई लव यू बेबी, वह तो ठीक है लेकिन अगर कहीं तुम प्रेग्नेंट हो गई तो दिक्कत हो सकती है मैं तुम्हें कोई दुख नहीं देना चाहता मैं बाहर निकाल लेता हूं। नव्या: पुचच….पुच्च मेरे राजा मुझे कोई दिक्कत नहीं होगी मैं सेफ हूं कल रात ही मेरा पीरियड खत्म हुआ है अभी 5 दिन तक बिना किसी परेशानी के आपका वीर्य अपने बच्चेदानी में ले सकती हूं प्रेगनेंसी के चांसेस बिल्कुल नहीं हैं आपको पता है मैं आपको इसीलिए इतना प्यार करती हूं क्योंकि आपको अपने मजे से ज्यादा चिंता मेरी तकलीफ की है आई लव यू भैया इतना केयरिंग भाई हर बहन को मिले। मैं: पुचच्… पुचच.पुच्च उम् उ. पुच्च आई लव यू बेबी मेरी राजकुमारी मैं भी तुझे बहुत प्यार करता हूं तूने मेरी खुशी के लिए अपनी कुंवारी सील पैक बुर में मेरा इतना बड़ा लंड घुसवा लिया आई लव यू पुचच.पुच्च इसके बाद 12-15 धक्कों में हम दोनों एक साथ छूट गए और पसीने से तरबतर होकर एक दूसरे को कस को पकड़ लिया, मैं हांफते हुए उसकी चूची पर सिर रख कर धीरे से लेट गया थोड़ी देर चलने के बाद फिर से उसकी चूची को अपने मुंह में भरकर छोड़ने लगा वह मेरे सिर पर हाथ कर रही थी और बार-बार इस मजे को देने के लिए थैंक यू भैया थैंक यू भैया बोल रही थी मैं भी उसको आई लव यू थैंक यू मेरी राजकुमारी बोल रहा था थोड़ी देर बाद थोड़ा सा उसके ऊपर से उठा वह बोली भैया मुझे टॉयलेट जाना है बहुत दर्द है प्लीज मेरी हेल्प करो टॉयलेट कराने ले चलो मैंने उसे उठाया तो वह खून से सना तौलिया देखकर चौंक के बोली नव्या: शर्माते हुए) हाय राम ये क्या भैया आपने कितनी बुरी तरह मेरी बुर की सील तोडी है कितना खून निकला है आपके खूनी लौड़े ने मुझे कितना दर्द दिया है मैं: बेबी खून तो पहली बार निकलता ही है और दर्द भी पहली बार होता है उसके बाद तुम्हें कितना मजा आया तू अपने चूतड उठा उठा कर और अंदर लेने की कोशिश कर रही थी याद है कि भूल गई। नव्या:पुचच….पुच्च मुझसे ज्यादा मुझे तो आप ले रहे थे कैसे मुझे जकड़ कर हुमच हुमच कर चोद रहे थे आई लव यू भैया और फिर से थैंक यू इस दर्दनाक मजे के लिए। फिर मैं नव्या को अपनी गोद में उठता बाथरूम ले गया और उसे टॉयलेट कराया हम बहुत थक गए थे हमने साथ-साथ नहाने के लिए हमने शावर को खोल कर नीचे खड़े हो गए और अच्छी तरह नहा धोकर फ्रेश होकर आए फिर नंगे ही बिस्तर में एक दूसरे के बाहों में एक दूसरे को चूमते हुए प्यार करते हुए सो गए क्योंकि सुबह 10:00 बजे वीजा के लिए इंडोनेशिया एंबेसी के ऑफिस में जाना था दोस्तों उम्मीद करते हैं कि आपको यह कहानी बहुत पसंद आई होगी आप इस कहानी पर रिस्पांस देकर उत्साह वर्धन करें तभी आगे की कहानी लिखने में मजा आएगा इतने मन से कहानी को पढ़ने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद
प्रेषिका : मोनिशा Antarvasna Stories

अजय अपनी गर्ल फ़्रेन्ड Antarvasna Stories को साथ लेकर चोदने के लिये गेस्ट हाऊस पहुँचा, अपने कमरे की चाबी लेकर जाने के लिये सीढ़ियाँ चढ़ ही रहा था कि सामने से आते युगल पर उसकी नजर पड़ी। सामने उसके दोस्त की बहन राधिका किसी अजनबी के साथ बाहर आ रही थी। अजय की समझ में आ चुका था कि राधिका चुदवा कर आ रही है। अजय को देख कर राधिका का चेहरा फ़क हो गया। मगर अजय जैसे कुछ भी ना देखने का अभिनय करते हुये अपनी गर्ल फ़्रेन्ड को ले कर कमरे में आ गया। वे दोनों लगभग दो घण्टे तक चुदाई करके होटल से बाहर निकले।

अजय लखनऊ से दिल्ली आ कर नौकरी कर रहा था। राधिका भी दिल्ली में किसी सोफ़्ट्वेयर कम्पनी में काम कर रही थी। दिल्ली में उन्होंने एक दूसरे को पहली बार देखा था, जबकि अजय का लखनऊ में राधिका के घर आना जाना था। राधिका का भाई अजय का दोस्त था।

अजय और उसकी गर्ल फ़्रेन्ड जब होटल से निकले तो उसने देखा कि राधिका रिक्शा स्टेण्ड के पास खड़ी उसी को देख रही थी। अजय ने राधिका को देखा और मुस्करा दिया।
राधिका भी मुस्करा दी और बोली,”मुझे तुमसे बात करनी है… प्लीज इधर आओ !”
“ओह, क्यों नहीं, बताओ कि तुम कैसी हो और दिल्ली में कहाँ रहती हो?”
“एक सहेली के साथ एक फ़्लेट किराये पर लिया है… ”
“चलो, कहीं कॉफ़ी पीते हैं, वहीं बातें करेंगे।”
दोनों एक कॉफ़ी हाऊस में पहुँच गये।

अजय बताने लगा,”मै भी तुम्हारी तरह एक दोस्त के साथ किराये पर मधुवन सोसाइटी में एक फ़्लैट में रहता हूँ, यहाँ से दो किलोमीटर दूर है।”
“और वो लड़की … ?”
“उह्ह्ह, वो तो मेरी एक दोस्त है, घर पर मेहमान आये हुये थे तो हम दोनों यहाँ आ गये। देखो किसी को घर में बताना मत !”
राधिका ने अजय की आँखों में झांका, उसे कुछ अपनापन सा लगा।
“अजय मैं तुम्हारा अहसान मानूंगी, प्लीज मेरी भी कोई बात घर में किसी को मत बताना, बोलो ना, मानोगे मेरी बात?”

“अरे राधिका, मै कोई तुम्हारा दुशमन थोड़े ही हूँ, अगर मेरी वजह से तुम पर कोई आंच आये तो लानत है मुझ पर, मैं भी चोर, तू भी चोर !”
“थैन्क्स अजय, तुमने मेरे दिल का बोझ उतार दिया !”

बातों बातों में राधिका थोड़ा खुलने लगी थी। वो भी अभी चुद कर आई थी, सो अजय ने सोचा कि ये तो पट सकती है। वैसे भी राधिका को घर में उसकी भारी और चौड़ी गाण्ड देख कर उसका लण्ड जोर मारने लगता था। उसे लग रहा था कि उसे चोदना अब और आसान है और राधिका भी जान चुकी थी कि वो रंगे हाथ पकड़ी गई है। उसे लगा कि अब फ़ासला अधिक नहीं है।
“हम दोनों यहाँ पहली बार मिले मिले हैं, चलो आज मैं तुम्हें खाना खिलाऊंगा, घर पर तो तुमने कई बार खिलाया है।”
“पर कहाँ चलें… ?” राधिका थोड़ा सा हिचकचाई।
“होटल में तो मजा नहीं आयेगा, खाना लेकर फ़्लैट पर चलें, अच्छा रहेगा ना … फिर किसी की नजर में भी नहीं आयेंगे !”

“तुम्हारा दोस्त क्या कहेगा… ?” वो भी कुछ कुछ आश्वस्त हो चुकी थी।
“वो तो अपने जीजू और बहन के साथ चार दिन के लिये अब तक तो जा चुका होगा।”
“तो चलो, मैं अपनी सहेली को फोन कर देती हूँ कि मुझे आज देर हो जायेगी।”
“हाँ ये भी कह देना कि आज रात ना भी आ पाऊँ तो चिन्ता मत करना।”

राधिका ने मुझे तिरछी नजरों से देखा और मुस्करा दी। अजय भी यह देख कर मुस्करा दिया। दोनों ने एक दूसरे के दिल की बात समझ ली थी।

अजय सामने के होटल में जाकर दो तन्दूरी चिकन और कुछ चपातियाँ ले आया, रास्ते से उसने एक व्हिस्की की बोतल भी ली और फिर दोनों घर पहुंच गये।
अजय ने खाने का सामान राधिका को दे दिया और कहा,”मै अभी स्नान करके आ रहा हूँ… तब तक तुम खाना लगाओ।”
“हाँ पहले तुम नहा लो, फिर मैं भी पानी डाल लूंगी। कितनी गर्मी है ! है ना?”

“अरे तो फिर क्या बात है… आ जाओ, साथ ही नहा लेते हैं… तुम अपना मुख उधर कर लेना और मैं दूसरी तरफ़ कर लूँगा।”
“धत्त … तुम देख लोगे !” उसकी तिरछी नजर कह रही थी कि नहीं देखोगे तो मैं बुरा मान जान जाऊँगी।
“तुम्हारी कसम, नहीं देखूँगा !” उसने भी जैसे आँख मार कर बता दिया था कि एक बार कपड़े तो उतारो…
“तो ठीक है चलो… ! ” उसने अपने कपड़े उतार दिये और ब्रा और पेन्टी में आ गई।

अजय ने भी कपड़े उतार लिये और मात्र छोटे से अंडरवियर में आ गया। राधिका ने एक नजर अजय के लण्ड पर डाली। उसे देख कर उसे वो बहुत बड़ा लगा। अजय भी राधिका के मस्त उभारों को देखने लगा था। उसका हाल तो राधिका की जवानी देख कर ही खराब हो गया था।

“ना… ना… कोई जरूरत नहीं है मुँह उधर करने की… !” राधिका की नजर अब भी उसके मोटे फ़ूले हुये लण्ड पर थी। अजय ने उसका मतलब भांप लिया और उसे एक झटके में फ़व्वारे के नीचे ले लिया। दोनों भीगने लगे थे, पर उनके दिलों में आग भड़कने लगी थी। अजय ने राधिका के गीले बदन को अपनी बाहों में ले लिया और उसे सहलाने लगा। इसी बीच राधिका की ब्रा का एक भाग कंधे से उतर गया और उसका एक स्तन बाहर निकल पड़ा। जोश में अजय ने उसके स्तन भींच दिये। जवाब में बस राधिका के मुख से एक सिसकारी निकल पड़ी।

अजय का भारी लण्ड तन कर सीधा खड़ा हो गया। राधिका ने भी तड़प कर उसे खींच कर अंडरवियर से उसे बाहर निकाल लिया। उसे तो वो एनाकोन्डा जैसा मोटा लगा,”अजय, यह तो ! हाय राम ! कितना मोटा है ! बिल्कुल एनाकोन्डा की तरह !”

“बस तुम्हारा ही है, इसे एक बिल चाहिये समाने के लिये !”
“चलो फिर कोशिश करते हैं इसे बिल में समाने की !” राधिका मचलते हुये बोली।

दोनों ही हंस पड़े। वे दोनों नहा कर बाहर आ गये और वैसे ही आधे नंगे से गीले ही बैठ गये। अजय ने व्हिस्की के दो पेग बनाया और पी गये। कुछ ही देर में दोनों में दारू की तरावट आने लगी।
“राधिका, वहाँ होटल में तुम चुदाने गई थी ना?”
“जब मालूम है तो पूछते क्यों हो… जब प्यास लगे तो बुझानी तो पड़ती है ना !”
“उस मादरचोद को तो मजा आ गया होगा, भेन का लौड़ाऽऽ मेरी राधिका को चोद गया !”
“धत्त, ऐसे क्या कहते हो, चूत को चुदानी ही पड़ती है ना … तू भी चोद ले … ”
“वो तो भोसड़ी की, चुदेगी ही, मेरा लण्ड देख कितना जोर मार रहा है !”

“जरा पास ना , हाय तेरे एनाकोन्डा को मै अपनी चूत में छुपा लूँ… तू भी कितना चिकना है… साले के चिकने गालों को काट खाऊँऽऽ … ”
“तेरी मां की भोंसड़ी, आ बैठ जा मेरे एनाकोण्डा पर… ”

अजय का मन राधिका के चूतड़ों पर आ चुका था, दूसरा पेग पीते हुये उसकी पिछाड़ी को उसने दबा दिया। उसकी पसन्द की थी उसकी मोटी गाण्ड ! उसे खींच कर उसके चूतड़ों पर अजय ने अपने दांत गड़ा दिये। राधिका भी अपने चूतड़ों को बार बार दांत से कटवा कर मस्ती से मचल रही थी।

“हाय राधिका, तेरी गाण्ड ने तो मेरा जीना दुश्वार कर दिया था, आज मिली है, कसम से पूरी तबीयत से मारूँगा, गाण्ड मरवाओगी ना मेरी जान?”

राधिका अपनी गाण्ड मटकाते हुए बोली,”आह्ह्ह, नेकी और पूछ पूछ ! मारो मेरे चोदू बालमा, तुम्हें कसम है जानू ! मेरी चूत को अपने दोस्त की नहीं, दुश्मन की चूत समझ कर चोदना !”

“सोच लो रानी ! फिर मुकर मत जाना?” अजय अपने एमाकोन्डा जैसे लण्ड को हाथ में लेकर गरूर से बोला।

“मुकर भी जाऊँ तो भी तुम मुझ पर रहम मत करना, एक राण्ड की तरह फ़ोड़ना मुझे !” राधिका इठलाती हुई बोली।

“हाय मेरी रण्डी यह हुई बात, चल झुक जा भेन की लौड़ी, तेरी गाण्ड में मेरा लण्ड घुसे तो चैन आए !” यह कहते हुये राधिका को फ़र्श पर खड़ा करके बेड पर पर उसे झुकाते हुये लण्ड को गाण्ड के छेद पर प्यार से टिकाया।
“अब तक कितने लण्ड पिलवाये हैं गाण्ड में मेरी रानी?”
“हाय राम , अब क्या कहूँ मैं, जिससे भी चुदवाती हूँ, हर एक ने मेरी को बजाये बिना नहीं छोड़ा… ”

“मैं भी नहीं छोड़ने वाला रण्डी, मां की भोसड़ी… ” कहते हुये अजय ने जो करारा थाप मारा कि पूरा लण्ड बिना थूक या तेल के गाण्ड में चाकू की तरह धंस गया।
आह्ह्ह्ह की चीख के साथ राधिका उछल कर बेड पर जा गिरी,”हाय मार डाला साले, भेन चोद, मेरी जान ही निकाल दी… ”
“मेरी रानी, इतना मस्त शॉट मारा था, इतनी दमदार गाण्ड ले कर किसी कमसिन की तरह चीखती हो।”

राधिका अपनी गाण्ड सहलाते हुये बोली,”सुनो मिस्टर, मैंने तुम्हें अपनी गाण्ड चोदने को कहा था, गाण्ड की मां चोदने को नहीं कहा था ! साले हरामजादे तुम तो मेरी गाण्ड को फ़ाड़ डालने पर आमदा हो?”
“कमाल करती हो रानी, तुम्हारी गाण्ड बिल्कुल नहीं फ़टेगी, पूरा चिकन तन्दूरी खा गई और मेरे लौड़े से घबरा गई?”
“मुर्गा तो मैंने, भोसड़ी के, मुँह से खाया था, गाण्ड से नहीं, समझे?”
“अब खा लिया है तो निकलेगा तो गाण्ड ही से ना, मेरी रण्डी !”
“लगता है मेरी गाण्ड को फ़ाड़ कर ही मुर्गा निकालोगे, क्यों है ना?”

“ओह्ह्ह हो, डार्लिंग अब कायदे से मारूंगा !” कह कर वो तेल की शीशी उठा लाया और अपने लण्ड पर और राधिका की गाण्ड में उसे अच्छी तरह से लगा दिया।

फिर लण्ड के लाल सुपारे को छिद्र पर सेट कर फिर से हौले धक्का मारा। लण्ड राधिका की गाण्ड में ऐसे उतर गया जैसे मक्खन पर में छुरी घुसती है, दूसरे शॉट में पूरा लण्ड उसकी गाण्ड में फ़ंस गया। राधिका के चूतड़ों पर सने तेल के कारण लण्ड हर एक थाप पर चप-छपक की आवाज कर रहा था। दोनों हाथों से उसके स्तनों को तेल से मसलते हुये अजय गाण्ड का पूरा मजा ले रहा था,”कैसी हो मेरी रण्डी … गाण्ड चुदने का मजा आ रहा है ना?”
“मार दे रे हारामजादे, फ़ाड़ डाल इन चूतड़ों कोऽऽ ! बजा दे गाण्ड का बाजाऽऽ आ ऽऽ ह !”

राधिका की आंखों में दोगुना नशा था, एक तो अजय की पिलाई हुई व्हिस्की का, और दूसरा उसकी गाण्ड में फ़ंसे हुये एनाकोन्डा का… !
राधिका बिस्तर के सामने लगे आईने में देख कर रण्डी नम्बर एक जैसे भाव दिखा रही थी।

“हाय और मारो राजा, मेरे चोदू छैला, जोर से मारो मेरी गाण्ड, हाय रे तेरा मस्त लौड़ा, मैं तो हारामजादे रण्डी बन गई, हाय अजय मुझे गालियाँ दे ! भेनचोद, रण्डी, चुदैल, छिनाल बुला मुझे साले ! तेरी मां की चूत !”
अजय भी जोर जोर से मस्त करारे थाप मार रहा था।
“ले खा भोसड़ी की, मेरा लौड़ा खा जा, साली कुतिया तुझे तो एक दिन अपने रूममेट के साथ मिल कर चोदूंगा, भेन की लौड़ी, तुझे तो तेरी माँ के सामने चोद चोद कर तेरी चूत का भोंसड़ा बना दूँगा, तेरी मां दी फ़ुद्दी… हाय क्या गाण्ड है तेरी तो साली, तुझे तो कॉल गर्ल होना चाहिये था छिनाल !”

राधिका भी बेशरमाई पर उतर आई थी। शराब का नशा, तिस पर चुदाई, वो तो बेहयाई पर आ चुकी थी,”गाण्डू, साले मुझे मेरी मां के सामने चोदेगा तो मम्मी भी नंगी हो कर तेरे नीचे लेट जायेगी, तेरे लण्ड को देख कर वो भी रण्डी बन कर तेरा लौड़ा खायेगी, मादरचोद साले चोद मुझे पटक पटक कर, रन्डी बना कर चोद सजना, आज हलाल कर दे मुझे, जैसे कसाई बकरे को हलाल करता है, तड़पने दे मुझे, तेरी तो भेन की चूत ! तेरी बहन चुदवा दूंगी तेरे लौड़े से !”

अजय इस प्रकार की बातों से मदहोश हो रहा था, उसकी रफ़्तार बढ़ गई। राधिका उसके नीचे मछली की भांति तड़प रही थी। वो राधिका के चूतड़ों से चिपट कर उसकी गाण्ड तबीयत से मार रहा था, लण्ड पेल रहा था। इतनी तन्दरुस्त और सुंदर भारी गाण्ड पर रहम करना उसकी बेवकूफ़ी ही होती।

राधिका भी उसे ऐसा कोई मौका नहीं दे रही थी कि वो उसकी गाण्ड को चोदना छोड़ दे। हर बात पर वो तो नहले पर दहला मार कर अपनी त्रिया चरित्र की मां चोद रही थी।

अचानक अजय ने राधिका के दोनों हाथ पकड़ कर पीछे खींच लिये और उसके ही दुपट्टे से ही बांध दिया और बोला,”देख मेरी राधिका, मेरी रण्डी, मेरी छिनाल, तुझे अब मैं कैसे हलाल करके चोदता हूँ, मेरी जान, मेरी दोस्त मुझे माफ़ कर देना !”

राधिका आंखे नचा कर और चूतड़ों को मटका कर बोली,”मेरे भैया की तरफ़ से मैं तुझे माफ़ करती हूँ। मेरे सरताज़, बस अब लगा दो पूरा जोर, मुझे कुतिया बना कर चोद दो और कुत्ते की तरह लण्ड गाण्ड में फ़ंसा दो, बरबाद कर दो मुझे, रण्डी से भी गई गुजरी कर दो हाय रे, मेरे चोदू रण्डवे, ऐसा चोदना कि गाण्ड और चूत में कोई फ़रक करना मुश्किल हो जाये !”

उसके बालों को पकड़ कर अजय ने अपनी ओर खींच लिया, और इस बार का शॉट करारा था। राधिका को लगा कि जैसे अजय के एनाकोन्डा ने उसकी गाड फ़ाड़ कर रख दी है। उसके मुख से एक चीख निकल पड़ी, उसे लगा कि कोई आग का गोला गाण्ड की गहराई को भी फ़ोड़ता हुआ भीतर सुलग उठा हो। उसकी चीख को नजर-अन्दाज करते हुए उसका दूसरा भरपूर शॉट फिर से लगा।

वो तड़प उठी,”भोसड़ी के, मार डालेगा क्या … साला लौड़ा है कि लोहे का गरम रॉड … धीरे कर हरामी… मेरी मां चोद दी इस लण्ड ने तो !”

“चुप रह, कुतिया, अरे लण्ड लेना है तो लपक लपक कर ले, साली ऐसे चीख रही है कि जैसे तेरी माँ को चोद रहा हूँ !”

अब अजय ने अपना मोटा लण्ड को खुला छोड़ दिया और उसकी गाण्ड पर पूरे जोर से पटकने लगा। कुछ ही देर में वो फिर से मस्त हो उठी और उसकी चूत लपलपाने लगी।

“बहुत हो गया मादरचोद … मेरी चूत तेरा बाप चोदेगा क्या ?”

“ओह हाँ ! थोड़ा बहुत माल चूत के लिये भी तो बचाना पड़ेगा ना… चल अब सीधी हो जा !”

“नहीं, बहुत चोद लिया तूने ! अब मेरी बारी है … चल मेरे नीचे हो कर चुद अब तू !”

राधिका ने अजय को अपने नीचे दबा लिया,”मादरचोद मेरी गाण्ड का तो तूने हलवा बना दिया, अब देख साले ! तैयार हो जा… मेरी चूत में कितना दम है तू ही देख ले !”

राधिका उसकी टांगों के बीच बैठ गई। उसका हाथी की सूण्ड जैसा लण्ड उसने हिलाया। लाल सुपारा पूरे उफ़ान पर था, उस पर रह रह कर वीर्य की बूंदें उभर आती थी। यह देख कर वो मुस्कराई। उसने लण्ड जोर से अपनी चूत के द्वार पर थपथपाया और मुठ में भर कर उसे अपने योनि-द्वार में फ़ंसा लिया।

“तेरी मां की चूत, हो जा तैयार… देख तेरे लण्ड का कमाल मेरी चूत में… !” और उसने उसे चूत में घुसेड़ लिया। उसे एक झटके से भीतर उतार लिया और सिसक उठी। लण्ड के भीतर गहराई में फ़ंसने के बाद राधिका ने बदला लेने की गरज से कहा,”ओ मेरी भेन के लौड़े, तैयार है चुदने के लिये… ?”

“ओह्ह्हो, बड़ा दम मार रही हो, मेरे एनाकोन्डा के सामने सब फ़ेल हो जाते हैं !”
“देखूँ तो सही… फिर लण्ड पकड़ कर हाय हाय मत करना ? !!”
और राधिका ने अपनी कला दर्शा दी। उसने अपनी चूत जोर से भींच ली।
“मजा आ रहा है ना मेरे सजना ? इस कड़क चूत का… !”
“आह, कैसी मीठी मीठी सी चुदाई है !”

भींची हुई चूत उसने ऊपर खींची। अजय चीख पड़ा… “अरे लण्ड की चमड़ी फ़ट जायेगी… तेरी माँ की बहन को चोदूँ, भोसड़ी की… आह !”
राधिका ने अपनी भिंची चूत से अन्दर एक धक्का मारा। वो फिर से कराह उठा।
“अरे मेरी मां, ठीक से चोद ना !”
“मेरी कैसी फ़ाड़ी थी … कुछ याद आया… ?”

राधिका को भी अन्दर चोट पहुंच रही थी, पर अजय को सबक तो सिखाना था ना ! उसने उसी अन्दाज में तीन चार धक्के लगाये, अजय निढाल सा हो गया।
“बस मेरे राजा… अब मजा लो !” राधिका ने भी अपनी जिद छोड़ दी। उसे भी तो मजा लेना था ना !

और राधिका ने मस्ती की फ़ुहार छोड़ दी और भचाभच उसके लण्ड पर चूत मारने लगी। अजय बहुत अधिक नहीं सह पाया और उसका वीर्य छूटने को हो गया।

तभी राधिका का रज निकल पड़ा… वो उससे लिपट कर अपना रज निकालने लगी… पर उसने होश नहीं खोये। उसने तुरन्त अजय का लण्ड चूत में से निकाल लिया और धीरे धीरे मुठ मारने लगी। उसके सुपारे पर उसने अपने अधर खोल कर रख दिये।

अजय ने वीर्य छोड़ने से पहले एक हुंकार सी भरी और तीर की भांति उसकी पहली धार राधिका के हलक तक पहुंच गई। उसने लल्दी जल्दी लण्ड को मसला और बाकी का ढेर सारा वीर्य अपने मुख में चूस लिया। अजय झड़ कर निढाल पड़ा था। दारू का नशा भी उस पर पूरा था। राधिका भी थक कर पास में लेट गई। कुछ ही देर में व्हिस्की ने अपना असर दिखा दिया और दोनों गहरी नींद में सो गये।

कमरे में मात्र खर्राटों की आवाजे आ रही थी। जहाँ जहाँ वीर्य के कतरे पड़े थे वो वहीं सूख गये थे। जब उठे तो शाम ढल चुकी थी। दोनों ने फिर से स्नान किया और एक एक करके व्हिस्की के कई जाम दोनों ने पी लिये और बचा हुआ तन्दूरी मुर्गा साफ़ कर गये। व्हिस्की का नशा उन दोनों पर एक बार और चढ़ गया … और फिर कुछ ही पलों में कमरे में सिसकारियाँ गूंज उठी। Antarvasna Stories

जीजा साली वाइफ एक्सचेंज सेक्स कहानी में मैं अपनी बीवी, साली और उसके पति के साथ भ्रमण पर गए. होटल में हम दोनों साढू एक दूसरे की बीवी की चुदाई करना चाहते थे.

फ्रेंड्स, मैं आज आपको अपने जीवन की एक सच्ची सेक्स कहानी बताने जा रहा हूँ.
आगे बढ़ने से पहले मैं अपना परिचय दे देता हूँ.

मैं अभी 36 साल का हूँ और मेरी बीवी 33 साल की है.
उसका फिगर 34-30-36 का है. वह बड़ी ही कामुक है.

यह जीजा साली वाइफ एक्सचेंज सेक्स कहानी कुछ 4 साल पुरानी उस वक्त की है जब मैं, मेरी बीवी, मेरी साली और उसका पति एक साथ किसी फैमिली फंक्शन में शामिल होने जा रहे थे.

उसी दौरान हमने सोचा कि आते जाते में थोड़ा बहुत कुछ पिकनिक जैसा कर लेते हैं.

यही सब सोच कर हमने एक स्विफ्ट कार बुक की.
उसमें हम 4 लोग थे.

मेरी बीवी वीना और साली रानी ने शादी अटेंड करने के बाद साड़ी ही पहनी हुई थी.
वे दोनों नेट की साड़ियां पहनी थीं और गजब की सेक्सी माल लग रही थीं.

मेरी साली का पति शशिकांत आगे ड्राइवर के बाजू वाली सीट पर बैठा था.
मैं पीछे की सीट पर अपनी बीवी के बाजू में था.

हम लोगों ने अम्बोली में जांघल रिसॉर्ट में दो दिन रुकने का प्लान बनाया हुआ था.

हम लोग अम्बोली लगभग 7 बजे शाम को पहुंचे.
उधर हमें रुकने के लिए एक छोटा सा फ्लैट जैसा कॉटेज मिला.

हमारे दो रूम बुक थे पर उन्होंने बताया कि एक रूम हमको सुबह मिलेगा.

अब हम सभी को यह रात उस एक रूम में ही रुक कर किसी तरह से मैनेज करनी थी.

उस दौरान लगातार छुट्टियां पड़ी थीं तो और कहीं भी रूम भी नहीं मिल रहे थे.

मेरी बीवी और साली के कहने पर हम सबको एक ही कमरे में अड्जस्ट करना पड़ा.

रूम ज्यादा महंगा भी नहीं था तो रूम भी नहीं छोड़ा जा रहा था.

अब मेरी बीवी और साली ने अपने कपड़े बदल लिए.
वे दोनों फर्श पर सोने के लिए राजी हो गई थीं.

मैं और मेरी साली का पति शशिकांत, हम दोनों बेड पर सो गए.

जब रात को लगभग एक बजे मेरी आंख खुली तो मैंने देखा कि मेरी साली और मेरी बीवी दोनों गहरी नींद में सो रही हैं और दोनों के कपड़े थोड़ा ऊपर की ओर हो गए थे.

मेरी बीवी का फिगर तो मैंने आपको ऊपर बता ही दिया है.
अब साली का फिगर भी आपको बता देता हूँ.
मेरी साली रानी का फिगर 36-30-38 का है.

उन दोनों ने शर्ट पहनी हुई थी.

मेरी बीवी ने शर्ट के नीचे लैगिंग्स पहनी थी जबकि रानी ने लोंग स्कर्ट पहना हुआ था.

मैंने जब रात को उन्हें देखा तो दोनों की ढीली-ढाली शर्ट्स ऊपर हो गई थीं जिससे उनके दूध दिखने लगे थे.

मैं रानी के टाइट बूब्स देख कर पागल हो गया.
उसका स्कर्ट भी जांघों तक ऊपर आ गया था.

मैं लंड सहलाते हुए सोच रहा था कि इसके ऊपर चढ़ ही जाऊं.
उसके मादक फिगर देख कर मैं एकदम से पागल हो गया था.

मैं उठा और बाथरूम जाकर आया.

उतने में मैं देखा कि शशिकांत जो मेरे बाजू में सोया था वह नींद में मेरी जगह आ गया था.
मैं उसकी जगह जाकर सो गया.

थोड़ी देर बाद मैंने देखा तो शशिकांत अपने बरमूडा में हाथ डाल कर लंड हिला रहा था.
मैंने थोड़ा ऊपर को उठ कर देखा तो बेड के नीचे पहले मेरी बीवी वीना सोई थी.

उसकी शर्ट भी लगभग पेट के ऊपर और मम्मों से ठीक नीचे तक आ गई थी.
मेरी आहट सुनकर शशिकांत ने आंख बंद कर लीं और वह सीधा लेट कर सोने की एक्टिंग करने लगा.

इधर मैं अपनी साली रानी की जांघें और उसके कसे हुए दूध देख कर पागल सा हो रहा था.
शशिकांत भी शायद मेरी बीवी वीना के मम्मों को शर्ट के ऊपर देख कर गर्मा रहा था.

मैं फिर से उठ कर बाथरूम गया और वापस आते ही देखा तो शशिकांत दीवार की ओर मुँह करके सो गया था.
मैंने इधर उधर देखा और रानी का स्कर्ट थोड़ा सा और ऊपर कर दिया.

फिर धीरे से उसकी शर्ट के भी एक बटन को खोल दिया जिससे उसका आधा दूध बाहर आ गया.
अब मैं जाकर लेट गया.

पांच मिनट के बाद मैंने सोने का नाटक किया और देखा कि शशिकांत वीना की तरफ देख कर फिर से अपने लंड को सहलाने लगा.

वीना सीधी होकर सो गयी थी, जिससे उसका दूध बाहर लटकने लगा.

यह देख कर शशिकांत पागल हो गया और उसका हाथ तेज तेज चलने लगा.

फिर उससे रहा न गया तो वह बाथरूम में चला गया और उधर मुठ मारने लगा.

जब शशिकांत बाथरूम के अन्दर मुठ मार रहा था.
तब मैंने रानी के स्कर्ट को उठाकर एक बार उसकी चूत में उंगली की और उंगली को सूंघा.

उसकी चूत की महक से मुझे नशा सा चढ़ने लगा.
उतने में ही बाथरूम से निकलने जैसी आवाज आई, तो मैं सोने का नाटक करने लगा.

जल्दबाजी में हुई गड़बड़ी में रानी का स्कर्ट ऊपर किया हुआ वैसे ही रह गया.
अपनी बीवी की खुली चूत देख कर शशिकांत समझ गया कि कुछ गड़बड़ हुई है.

मेरे ख्याल से शशिकांत को समझ आ गया था कि मैंने ही उसकी बीवी की चूत के साथ कुछ किया है.
वह कुछ नहीं बोला और अपनी बीवी की चूत ढक कर मेरे बाजू में आकर सो गया.

उसके कुछ देर बाद मैं भी सो गया कि खामखा में लफड़ा न हो जाए.
सुबह उठ कर हम सब तैयार हो गए.

वीना ने टी-शर्ट और जीन्स पहनी थी.
रानी ने शॉर्ट कुर्ती ओर लैगिंग्स पहनी थी, जिसमें से उसकी जांघें मस्त दिख रही थीं.

मैं कार में पीछे वीना के साथ बैठा था.
वीना के बाजू में रानी थी.

शशिकांत बात करने के बहाने वीना के मम्मों को घूर रहा था.

वापस आते वक़्त मुझे उसकी मनोदशा का पता चल गया था कि इसका बस चलेगा तो यह मेरी बीवी को चोद देगा.
हम सबको कमरे तक पहुंचने में अभी भी एक घंटा का रास्ता तय करना शेष था.

रानी कार में ही सो गयी थी.
मैंने अपने घुटने दर्द होने का बहाना किया और आगे ड्राइवर के बाजू वाली सीट में बैठने का कहा.

शशिकांत राजी हो गया तो मैंने उसको पीछे भेज दिया.
रानी सो रही थी, तो शशिकांत को वीना के बाजू में बैठ जाने के लिए बोल दिया.

वीना भी थकान की वजह से थोड़ी नींद में थी.
कुछ मिनट बाद वह भी गहरी नींद में सो गयी.

मेरी बीवी वीना और रानी दोनों ही भरे बदन की हैं, तो पीछे तीनों के बैठने से वे सब बहुत चिपक कर बैठे थे.
मैं चुपके से शशिकांत को देख रहा था.

वह वीना की जांघ पर हाथ रख कर बैठा था.
कमरे पर पहुंचने में अभी भी 45 मिनट का वक्त बाकी था लेकिन कुहरे की वजह से मैंने ड्राइवर से स्लो चलाने को बोला था.

वीना शशिकांत के कंधे पर सिर रख कर सो गई जिससे उसके बूब्स शशिकांत के हाथ को लग रहे थे.
वीना का हाथ भी शशिकांत की जांघ पर आ गया था.

हम दोनों ने शॉर्ट्स पहने थे.
हम जिस स्पॉट पर गए थे, वहां वॉटर स्पॉट था.

शशिकांत का लंड टाइट हुआ था.
मैंने भी एक तरफ मुँह करके सोने का नाटक करना शुरू किया.
साथ ही मैं उन दोनों की हरकतों को भी देख रहा था.

शशिकांत ने वीना के हाथ को धीरे धीरे से अपने शॉर्ट्स के ऊपर लंड पर ले लिया.
वीना नींद में थी और बाहर का मौसम ठंडा था तो उसने भी लंड की गर्मी पाकर अपने हाथ को शशिकांत के लौड़े पर रख दिया था और शायद लंड को पकड़ लिया था.

थोड़ी देर बाद शशिकांत ने धीरे से अपने शॉर्ट्स को ऊपर किया और वीना के हाथ को अपने शॉर्ट्स में डलवा लिया.
वीना ने पोलो टी-शर्ट पहनी थी.

शशिकांत धीरे से उसकी टी-शर्ट के ऊपर से वीना के एक दूध को रगड़ रहा था.

मैंने देखा कि अभी भी हमारा होटल 30 किलोमीटर दूर था और मौसम के हिसाब से हम को अभी भी 30-35 मिनट का समय लग सकता था.
शशिकांत ने अपने अंडरवियर को साइड करके धीरे से अपना लंड वीना के हाथ में दे दिया और वीना नींद में ही उसे पकड़ कर सोई थी.

इधर रानी भी गहरी नींद में थी.
मुझे भी ये सब देख कर उत्तेजना हो रही थी.

वीना लंड छोड़ कर एक तरफ होकर सो गई.
शशिकांत ने भी अपना लंड अन्दर कर लिया.

मैं सोने का नाटक करता हुआ सब देख रहा था.
शाम के अंधेरे के कारण थोड़ा अंधकार सा हो गया था.

वीना अभी भी सीधी बैठ कर सो रही थी.
शशिकांत ने बैठे हुए ही उसकी ओर मुँह कर लिया था और वह सोने का नाटक करते हुए उसकी जांघों पर हाथ रखे था.

इतने में हमारी कार होटल के नजदीक आ गई थी.
शशिकांत सही होकर बैठ गया.

हम सब कमरे में पहुंचे और मैंने सबको जगा कर उतरने के लिए कहा.
जब हम सब कमरे में पहुंचे, तो होटल वालों ने हमारे लिए उसी रूम में दो डबल बेड्स और लगा कर व्यवस्था कर दी थी.

शशिकांत को मैंने लेडीज को रेडी होने तक ड्रिंक्स के लिए बुलाया.
हम दोनों ने उस दिन रूम में ही ड्रिंक्स लिए.

मैंने शशिकांत को पूरा क्वॉर्टर पिला दिया था, जिससे वह टाइट हो गया था.
अब मैंने उससे कहा कि रानी में जो बात है, वह बात वीना में नहीं है.

ड्रिंक्स के नशे में शशिकांत ने कहा- नहीं, जो कोऑपरेशन वीना देती है … वह बात रानी में नहीं है.
मैंने कहा- तुम झूठ कह रहे हो. रानी एक सेक्सी माल है और फुल कॉपरेटिव है.

हम दोनों ने नशे की टुन्नी में तय किया कि आज इन दोनों को वोदका पिला देते हैं और चैक कर लेते हैं कि कौन सही है.
उसे भी मेरा आइडिया समझ में आ गया.

दरअसल हम दोनों ही एक दूसरे की भावना को समझ गए थे कि आज हम दोनों एक दूसरे की बीवियों को चोदने का मजा ले लेते हैं.

शशिकांत ने मेरी राय से इत्तफाक जताते हुए हामी भर दी और कहा- हां चलो, इनको भी मस्त कर देते हैं.

हम दोनों को अपनी बीवियों को खाने के लिए बाहर ले जाना था.
पर मैंने शशिकांत से कहा कि इनको नहीं ले जाते हैं. बल्कि इनको कोल्डड्रिंक की दो लीटर की बोतल में दारू मिक्स करके बड़ा पैग बना कर पिला देते हैं और रात को मजा लेते हैं.
शशिकांत राजी हो गया.

अब हम दोनों यह सब सामान लेकर होटल आ गए.
जब होटल पहुंचने को हुए, तब मैंने बाहर से ही वीना को और शशिकांत ने रानी फोन करके बोला कि यहां सब बंद हो रहा है. हम लोग खाने पीने का सामान पार्सल बनवा कर ला रहे हैं.

रानी ने ओके बोल दिया.
जब हम कमरे में पहुंचे तो रानी का मुँह किसी बात पर फूला हुआ था.

शायद वह डिनर के लिए बाहर जाना चाहती थी, मगर हम दोनों के न होने के कारण वह जा नहीं सकी थी.
शशिकांत ने उससे कहा- रानी अब मान भी जाओ. लो तुम स्पेशल वाली कोल्डड्रिंक पियो … अन्दर तक झनझनी आ जाएगी.

यह कह कर उसने रानी को आंख मार दी.
वह भी मुस्कुरा दी.

मैं समझ गया कि रानी ड्रिंक करती है और इसलिए ही वह मुस्कुराई है.
अब रानी और वीना ने कोल्डड्रिंक पीनी शुरू की.

वीना को कोल्डड्रिंक का टेस्ट कुछ अलग सा लगा, तो रानी ने उससे कह दिया- बढ़िया स्वाद है. आप बिंदास पियो.

वे दोनों चिप्स ख़ाती हुई कोल्डड्रिंक पीने लगीं.
उन दोनों में मस्ती चढ़ने लगी.

उन्हें थोड़ा नशा सा महसूस होने लगा था.

मैं रानी के पास बैठा था और शशिकांत वीना के पास.

उन दोनों ने ब्रा नहीं पहनी थी.
वे दोनों लेग्गिंस और ढीली सी टी-शर्ट में थीं.

मैं ओर शशिकांत सिगरेट पीने लगे.

मैंने खुल कर कहते हुए कहा- शशिकांत, तुम वीना के साथ इन्जॉय कर सकते हो … मैं भी रानी के साथ मस्ती कर लूँगा.
उसने ओके कहा.

अब हमारे बीच सब खुलासा हो गया था कि हम दोनों वाइफ स्वाइप करने को राजी हैं.

हम दोनों अन्दर गए.
देखा तो वे दोनों नशे में थीं.

मैं रानी के साथ बैठ गया और शशिकांत वीना के साथ बैठ गया.

शशिकांत बची हुई ड्रिंक्स वीना को पिला रहा था और मैं रानी को.

जब रानी पी रही थी तो मैंने अपना हाथ उसके पेट पर रख दिया और सहलाने लगा.

उसने नशे में कुछ विरोध नहीं किया तो मैंने अपना हाथ उसकी जांघ पर रखा और उसकी चूत को कुरेदने लगा.
उसने अब भी कुछ नहीं कहा.

मैंने उसे धीरे से किस किया और शशिकांत को भी इशारा कर दिया.

उसने बॉटल नीचे रख कर वीना को किस किया और अपना हाथ उसकी टी-शर्ट में डाल कर उसके मम्मों को मसलने लगा.

मैंने अपनी टी-शर्ट को निकाल दिया और रानी से कहा- बहुत पसीना निकल रहा है.
वह हंस दी.

मैं अब सिर्फ़ अंडरवियर में था.
मुझे देख कर शशिकांत ने भी अपना सब निकाल दिया.
वह भी सिर्फ़ अंडरवियर में हो गया.

हम दोनों ने आंखों में इशारा किया और एक दूसरे की बीवियों को बेड पर ले गए.

मैंने एक सिगरेट सुलगाई और रानी को दो पफ पिलाए.

उधर शशिकांत ने भी वीना को दो पफ पिलाए, जिससे नशा और चढ़ गया.

मैं रानी किस करने लगा और शशिकांत ने वीना को स्मूच करना शुरू कर दिया.
शशिकांत अब आउट ऑफ कंट्रोल हो गया था.

उसने वीना को चूमते हुए उसे पूरी नंगी कर दिया.
साथ ही उसने खुद को भी पूरा नंगा कर दिया.

मैं उसका लंड देख कर दंग रह गया.
उसका लंड काला था और 8 इंच से कुछ ज्यादा लंबा व मोटा था.

जबकि मेरा सात इंच का था.
हालांकि मेरा लंड शशिकांत के लंड से मोटा था.

मैंने भी रानी के कपड़े निकाल दिए और देखा कि उसने अपनी चूत को पूरा साफ किया हुआ था.

मैंने बिना कुछ सोचे अपना मुँह रानी की चूत में लगा दिया.
उसकी चूत पूरी रसीली थी.
मैं समझ गया कि यह भी चुदासी है.

वह मेरे सर को पकड़ कर अपनी चूत पर दबाने लगी.
उधर शशिकांत वीना के मम्मों को मसल कर चूस रहा था.

उसने अपना लंड वीना की चूत पर रख दिया और रगड़ने लगा.
वीना चुदासी होकर उसके लंड को पकड़ कर अपनी चूत पर रगड़ने लगी.

इधर रानी की चूत चाटने के बाद मैंने उसकी चूचियों का रुख किया.
रानी ने पलट कर मेरा लंड मुँह में ले लिया और लंड चूसने लगी.
मेरे लंड को चूसने के साथ साथ वह मेरे दोनों बॉल्स भी चूस रही थी.

मैं इसी सुख के लिए वीना से शादी से ही उसके पीछे पड़ा था.

अब रानी उठ खड़ी हुई और वह अपनी टांगों को फैला कर अपनी चूत में मेरे मुँह घुसवा कर चटवाने लगी.

मैंने अपनी पूरी जीभ उसकी चूत में पेल दी.
वह मस्ती में आह आह करने लगी और मेरे मुँह में ही झड़ गयी.

उधर वीना ने शशिकांत का लंड अपनी चूत में ले लिया था और उसे अपने सीने से चिपका कर चुदवाना शुरू कर दिया था.

वह अति उत्तेजित होकर जोर जोर से चीखने लगी थी- आह चोदो … मजा आ गया … आह और जोर से चोदो!

मैं भी मूड में आ गया और मैंने भी रानी की चूत में लंड घुसेड़ दिया.
रानी भी कामुक सिसकारियां निकालने लगी- आअह हम्म्म डार्लिंग प्लीज … चोदो … हम्म्म आअह.

हम दोनों ने एक दूसरे की बीवियों को हचक हचक कर देर तक चोदा.

शशिकांत ने अपने लंड का माल वीना की चूत में ही छोड़ दिया और वह उसके ऊपर ही लुड़क गया.

फिर जब मैं झड़ रहा था तो रानी ने मुझसे लंड निकलवाने का कहा.
उसने मेरे लंड को अपने मुँह में ले लिया.

वह मेरे लंड की रबड़ी को खा गई और उसने लंड चाट कर साफ कर दिया.

हम चारों बिना कपड़ों के ही लेट गए.
मैंने रानी की चूत पर स्केच से लिख दिया- राजा के लिए रानी की चूत.

शशिकांत ने लिखा कि वीना की चूत शशिकांत के लिए!

हम सभी ने एक एक पैग और लिया और सिगरेट पीकर वैसे ही नंगे सो गए.

एक घंटा बाद फिर से सेक्स का नंगा नाच शुरू हो गया.
जीजा साली वाइफ एक्सचेंज सेक्स का हम लोगों एक एक राउंड और लिया.

इस राउंड में मैंने अपना माल रानी की चूत में ही छोड़ दिया.
शशिकांत ने भी अपना माल वीना की चूत में टपका दिया था.

अपनी अपनी बीवियों की चूत में गैर मर्द के लंड का पानी टपकने का यह नतीजा निकला कि आज मेरी बेटी सांवली है और रानी का बेटा गोरा है.

हम चारों को बहुत मजा आया तो हम लोग तीन दिन तक वहीं रुके रहे.

उन तीन दिनों में हमें पूरा चुदाई का खेल किया.

दोनों लेडीज को सैंडविच चुदाई का मजा भी दिया.
रानी ने वीना को लंड चूसना सिखा दिया.

उस सबका वर्णन मैं आपको अपनी अगली सेक्स कहानी में बताऊंगा.
जीजा साली वाइफ एक्सचेंज सेक्स कहानी पर आप अपने विचार हमें जरूर भेजें.

Hindi Sex Stories

दूसरे दिन दोनों माँ बेटे होटल से घूमने Hindi Sex Stories निकले तो राहुल ने पूछा- माँ क्या आज भी बस का मजा लेना है?

कमला ने आज स्कर्ट-ब्लाउज पहना था, बिना पैंटी के, उसने कहा- क्यों नहीं ? कुछ घट थोड़े ही जाता है ! और यहाँ हम लोगों को कौन जानता है ? तब उसने राहुल को उस लड़के की बात बताई और कहा कि उसे पता नहीं कि आजकल के पढ़ने वाले भी चुदाई के बारे में सब कुछ जानते हैं।

राहुल ने माँ को चिढ़ाते हुए कहा कि आज वो लड़का मिल जाए तो आप चाहो तो उसे ले आते हैं यहाँ?

कमला ने भी करारा जवाब दिया- मैंने कहा ना, कोई घटने वाली चीज़ तो है नहीं ! क्या फरक पड़ेगा ? कम से कम वो तुम्हारे जैसा मादरचोद तो नहीं कहाएगा !

राहुल को अपनी माँ का इस तरह खुल कर बात करना बड़ा अच्छा लगा। वो दोनों दिन भर बस से दिल्ली घूमे। बस में लोगों ने कमला का बड़ा आनंद लिया। एक हरामी ने तो जब हाथ लगा कर देखा कि कमला कि पैंटी नहीं है तो वो अपनी बीच वाली उंगली को थूक लगा कर कमला की गांड में घुसाने लगा। तब कमला वहाँ से हट कर बस के दूसरी ओर उस आदमी से दूर हो गई।

इस घटना के अलावा आज कमला को बस में अच्छा मजा आया और उसके पहले दिन का डर और उसकी झिझक दूर हो गई। उसे लोगों का उसकी नंगी चूत और चूतड़ को सहलाना अच्छा लगने लगा। आज भी उसकी चूत लोगों ने गीली कर दी थी।

फिर दोपहर के बाद राहुल उसे इन्टरनेट कैफे ले गया और अपनी गोदी में बैठा कर तरह तरह की चुदाई की विडियो दिखा कर माँ की शिक्षा शुरू की और कैफे में ही उसे ऊँगली से १ बार झाड़ा।

शाम को दोनों होटल लौटने के लिए बस पे चढ़े और कमला का भाग्य कि उस बस में वो ही लड़का किनारे की सीट पर बैठा था। राहुल ने कमला को आँख मारी और कल की तरह कमला फिर वहां खड़ी हो गई। कल की तरह ही आज भी लड़के का हाथ कमला की स्कर्ट के अन्दर उसकी मोटी चिकनी जाँघों को सहलाते हुए धीरे धीरे ऊपर की ओर सरकने लगा। कमला ने अपनी टांग अच्छी दूरी पर रखी थी ताकि लड़के को उसकी चूत तक पहुँचने में कोई मुश्किल न हो, और उस लड़के के चेहरे को बड़े प्यार से देख रही थी।

वो लड़का भी बड़ा तेज़ लग रहा था क्योंकि वो उसकी जांघों को इतनी अच्छी तरह सहला रहा था कि कमला की चूत गीली होने लगी। लेकिन जैसे उस लड़के ने अपनी हथेली कमला की चूत पर रखी, उसे ऐसा लगा कि उसे करंट लग गया हो। उसने उम्मीद नहीं की थी, कि कमला ने पैंटी नहीं पहन रखी है।

कमला उसे देख कर थोड़ा मुस्कुराई और फिर वो लड़का सामान्य हो गया और कमला की चूत के दाने को सहलाने लगा और बीच बीच में उसकी चूत की दरार में कभी १ ऊँगली तो कभी ३-३ उंगली डाल कर अन्दर बाहर करता था। कमला को लगा कि वो झड़ जायेगी, लेकिन तब तक उस लड़के का स्टाप आ गया और वो सीट से उठते हुए कमला से बोला- आंटी, मजा आया ?

कमला ने कहा – आया लेकिन पूरा नहीं। मैं होटल में ठहरी हूँ, चलोगे मेरे साथ ?

लड़के ने कहा कि उसकी मम्मी उसका इंतज़ार कर रही होगी, लेकिन वो कल सुबह होटल आ सकता है।

कमला ने उसे होटल का नाम पता दिया और बोली कि वो १० बजे उसका इंतज़ार करेगी।

जब वो लड़का बस से उतर गया तो राहुल अपनी माँ के पास आया और कमला ने उसे अगले दिन की योजना बताई।

राहुल ने कहा- यह बड़ा कीमती मौका है, और वो इसकी विडियो बनाएगा। एक ४० साल की औरत की एक लड़के से चुदाई की विडियो !

होटल पहुँचते ही राहुल ने माँ को बिस्तर पे पटक दिया और उसकी स्कर्ट उठा कर उसकी चूत चाटने लगा। कमला अपने बेटे से चूत चटवाते हुए सिसकियाँ ले रही थी और एक एक कर अपना ब्लाऊज़, ब्रा और स्कर्ट को ऊपर से खींच कर उतार दिया और बिल्कुल नंगी हो गई। राहुल ने भी एक हाथ से अपनी पैंट और अन्डरवीयर उतारा और शर्ट और बनियान निकाली। दोनों माँ बेटे अब पूरे नंगे हो गए थे और राहुल माँ की चूत चाट रहा था। तब कमला ने कहा- राहुल ! आओ जैसे कैफ़े के विडियो में दो औरत मर्द एक दूसरे की चाट रहे थे वैसा ही हम करें !

दोनों माँ बेटे ६९ में होकर एक दूसरे को मज़ा देने लगे और जब वो दोनों झड़े तो कमला राहुल का सारा रस पी गई और राहुल ने भी कमला के झड़ने के बाद अपनी जीभ को उसकी चूत में डाल कर चूत के कोने कोने से उसके नमकीन लसलसे रस को चाट कर साफ़ कर दिया। फ़िर वो दोनों एक दूसरे को जकड़ कर बिस्तर पर लेट गए।

राहुल ने कहा- मैंने कहा था ना कि गाँव की हो तो क्या हुआ, कितनी जल्दी ये सब सीख गई हो।

कमला ने कैफे के विडियो के बारे में कहा कि बाप रे बाप ये अमेरिकन औरतें कैसे ३-३ काले लोगों का इतना बड़ा मोटा लण्ड एक साथ लेती हैं?

राहुल ने कहा- इस में मुश्किल क्या है ? तू भी बड़े मजे से ले सकेगी।

कमला ने कहा- कि बाप रे बाप, मेरी तो फट जायेगी !

राहुल ने कहा- कि कुछ नहीं फटेगा, एक बार शुरू हो जाओगी तो फिर और मजा आने लगेगा, बस शुरू करने की देर है।

कमला ने कहा- चूत और मुँह में लेने की बात तो वो समझती है कि कितना भी बड़ा मोटा लण्ड ले सकती है, लेकिन गांड में ?

राहुल ने कहा- चलो दिखाता हूँ मेरा ही लण्ड डाल कर ! लेकिन पहली बार तुम्हारी गांड मारने के लिए कुछ तैयारी करनी होगी।

राहुल बाथरूम से क्रीम ले कर आया और माँ को चौपाये कुतिया की तरह कर के उसकी गांड के छेद में क्रीम लगाई और अपने लण्ड पर भी।

कमला के चूतड इतने फूले और मांसल थे कि उसकी गांड का छेद काफ़ी अन्दर था। राहुल ने माँ की गांड के छेद पर लण्ड का सुपारा रख कर हलके से दबाया। सुपारा थोड़ा अन्दर गया लेकिन उसके लण्ड की जहाँ चमड़ी शुरू होती थी वहां के आगे नहीं गया।

राहुल ने माँ को कहा कि माँ पहली बार थोड़ा सा दर्द होगा, बस एक बार पूरा सुपारा अन्दर हो जाने की देर है !

राहुल ने फिर से सुपारा कमला की गांड में दबाया तो कमला को ऐसा लगा जैसे कि जहाँ सुपारे का अंत होता है वहां कोई छल्ला है और वो छल्ला अंदर नहीं घुस पा रहा है। राहुल ने ३-४ बार कोशिश की और हर बार पिछली बार से थोड़ा ज्यादा जोर लगाया, लेकिन हर बार छल्ला अन्दर नहीं घुस पा रहा था।

राहुल ने कहा- माँ तुम्हारी गांड बड़ी टाइट है, मुझे काफी जोर लगाना पड़ेगा और हो सकता है कि तुम्हें एकाएक दर्द भी हो। तुम अपनी गांड कसो मत, गांड ढीली रखो। बस एक बार अंदर करने की जरूरत है।

राहुल ने कमला की गांड में अपने सुपारे को रखा और उसके चूतड़ों को दोनों हाथों से पकड़ कर ज़ोर देता गया। कमला से जितना हो सका अपनी गांड ढीली रखी, लेकिन फिर सुपारे का छल्ला अन्दर नहीं जा रहा था।

अब राहुल ने और जोर से लण्ड दबाया तो फुप्प की आवाज के साथ छल्ला अंदर चला गया लेकिन कमला को लगा जैसे उसकी गांड में आग लग गई हो। उसे लगा उसकी गांड फट गई हो और उसके मुँह से ‘अ आ अन्न्नंह ह्ह्ह, आ अन न्ह्ह्ह, मर गई, फट गई मेरी गांड !..ओ ऊ ऊओई ईईईइ, आ अन न्न्न्ह्छ ।..’ की चीख निकल गई।

राहुल का एक चौथाई लण्ड कमला की गांड में था और वो इसी स्थिति में रहा, जरा भी नहीं हिला और माँ को कहा- बस यही सबसे कठिन काम था, बस अपनी गांड ढीली रखो, अब १ -२ मिनट में तुम्हारा दर्द ख़त्म हो जाएगा तब फिर आगे करेंगे।

इस बीच राहुल बड़े स्नेह से माँ के गाल और गले को चूमता रहा और बताया कि जब औरत की चूत में एक लण्ड होता है और तब कोई दूसरा आदमी उसकी गांड मारता है तो औरत को दर्द का एहसास नहीं होता है और तभी पूरा मजा आता है।

राहुल अपना हाथ कमला की चूत पर ले गया और उसके दाने को छेड़ने लगा। अब कमला का दर्द भी ख़त्म हो गया और तब राहुल ने अपने लण्ड को और दबाया तो लण्ड धीरे धीरे अन्दर घुसने लगा और जड़ तक कमला की गांड में पूरा चला गया। कमला की चूत मसलते हुए राहुल ने धीरे धीरे आधा लण्ड बाहर निकाला और फिर धीरे धीरे पूरा अन्दर डाल दिया और माँ से पूछा कि अब दर्द कैसा है।

कमला को गांड मरवाना बड़ा अजीब लग रहा था लेकिन उसने कहा कि अब ठीक है।

राहुल धीरे धीरे अन्दर बाहर करने की गति बढ़ाने लगा और साथ साथ एक हाथ से कमला की चूत और दूसरे हाथ से कमला की चूचियां मसल कर उसे मजा दे रहा था। एक साथ इतने मजे मिलने से कमला जल्दी ही झड़ गई और २ मिनट के बाद राहुल ने भी माँ की कसी गांड में १०-१२ पिचकारी मार कर उसके तीसरे छेद को भी रस से भर दिया और आज दिल्ली में सिर्फ़ तीसरा दिन था। जितनी जल्दी ये सब हुआ उसे देख कर वो बहुत खुश था और आने वाले समय में माँ बेटे की चुदाई के किस्से को और नई उँचाइयों तक ले जाने का इंतज़ार कर रहा था।

अगले दिन १० बजने के कुछ पहले ही कमला होटल के बस स्टाप पर अनिल का इंतज़ार कर रही थी। जब एक बस रुकी तो उसने उससे अनिल को उतरते देखा। कमला आज साड़ी पहन कर आई थी क्योंकि उसमें उसके चूतड़ों की थिरकन बड़ी मस्त लगती थी। वो अनिल को कमरे में ले आई और सामने खड़े होकर पूछा कि अब बोलो कैसे पूरा मजा दोगे?

अनिल कमला से १ इंच छोटा था लेकिन उसने आगे बढ़ कर कमला को जकड़ लिया और अपने पंजे पर उचक कर कमला के होठ को चूम कर धीरे से बोला- आज तेरी चूत चाटूंगा और अपने चिकने लण्ड से चोदूंगा भी।

कमला ने कहा कि जो चाहे करना लेकिन मेरा एक यार है जो मेरी चुदाई की विडियो बनाना चाहता है और तुम मुझे मम्मी कहोगे और मैं तुम्हें बेटा। अगर मंजूर है तो ठीक है, नहीं तो मैं कुछ नहीं करूंगी तुम्हारे साथ।

लड़के ने एक पल के लिए सोचा और फिर कहा- ओके, ठीक है मम्मी !

योजना के मुताबिक, राहुल कमरे के बाहर दरवाजे पर खड़ा था। कमला ने दरवाजा खोल कर राहुल को अन्दर बुलाया। राहुल ने कैमरा निकाला और अनिल और कमला शुरू हो गए।

अनिल ने पहले कमला की चूत चाट कर उसे झाड़ा, फिर कमला ने उसका चिकना लण्ड चूस के उसका निकाला। राहुल ने अलग अलग कोणों से क्लोज़-अप लिए।

इसके बाद अनिल ने कमला को चोदने के लिए लिटाया तो राहुल ने कहा कि दोनों रुक जाओ, तुम दोनों कपड़े पहन लो और अनिल को बोला कि तुम ऐसा करो जैसे कि ये तुम्हारी मम्मी है और तुम जबरदस्ती इसे नंगी कर के इसका देह शोषण कर रहे हो। ये थोड़ा रोकेगी तुम्हें लेकिन अगर तुम्हें इसके कपड़े भी फाड़ने पड़े या धीरे से मारना पीटना भी पड़े तो कर लेना।

इसके बाद अनिल और कमला ने जो विडियो बनाया उसकी कोई मिसाल नहीं। लड़के ने कमला के दोनों हाथों को पीछे से पकड़ कर उसे नंगा करने की कोशिश की, जिसमे उसने कमला को २-३ थप्पड़ भी लगाये, और कमला का पेटीकोट फाड़ दिया। फिर उसने नंगी कमला को कमरे में दौड़ाया। कमला के नंगे दौड़ने का सीन ही सबसे मस्त था क्योंकि उसके मांसल बदन का एक एक अंग थिरकता हुआ दिखा। फिर उसने कमला को चित्त पटक कर थोडी देर चोदा। फिर कमला ने लड़के के ऊपर चढ़ कर उसे चोदा।

बड़ा मस्त विडियो बना। ३ घंटे की चुदाई के बाद राहुल, कमला, और अनिल रेस्तरां में खाना खाने गए और उस लड़के को १०० रूपये देकर धन्यवाद दिया।

इसके बाद के २ दिन राहुल और कमला ने चुदाई और वीसा के इन्तजाम में लगाये। कमला के बदन की जलन भी अब काफ़ी कम हो गई थी, और उसे समझ आया कि उसे इसी तरह की अच्छी चुदाई की जरूरत थी जिसकी कमी से ही जलन हुआ करती थी।

अब बस में लोगों से कमला को डर नहीं लगता था, बल्कि वो अब मजे लेने लगी थी। सातवे दिन कमला अपने बेटे के साथ एअरपोर्ट चली, एक नई दुनिया में कदम रखने के लिए – अमेरिका ! Hindi Sex Stories

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